12वीं के बाद कई स्टूडेंट इंजीनियरिंग की पढ़ाई करने का विचार करते हैं, लेकिन जब वे कॉलेज में कोर्स चुनते हैं तो उन्हें इंजीनियरिंग में अलग-अलग कोर्स मिलते हैं, जिससे उनके भीतर कन्फ्यूजन क्रिएट हो जाता है। BE और BTech को लेकर भी अक्सर स्टूडेंट कन्फ्यूज रहते हैं। बैचलर ऑफ इंजीनियरिंग (BE) और बैचलर ऑफ टेक्नोलॉजी (BTech) में क्या अंतर होता है, यह कई स्टूडेंट सही से नहीं समझ पाते हैं। लाखों की संख्या में देशभर में हर साल इन कोर्सों में छात्र एडमिशन लेते हैं और अपने करियर को ऊंचाइयों पर ले जाने का सपना देखते हैं।
अगर आप भी इन्हीं स्टूडेंट्स में से एक हैं, जो बैचलर ऑफ इंजीनियरिंग और बैचलर ऑफ टेक्नोलॉजी में अंतर जानना चाहते हैं, तो यह खबर आपके लिए है। जानकारी दे दें कि बीई और बीटेक दोनों ही 4 साल के कोर्स होते हैं और इनमें 8 सेमेस्टर होते हैं। दोनों ही डिग्रियों को आमतौर पर बराबर ही माना जाता है।
BE कोर्स को समझें
लेकिन काफी कम लोग जानते हैं कि BE और BTech के पढ़ाई के तरीके और फोकस एरिया में हल्का अंतर होता है। हालांकि सरकारी व निजी नौकरियों में इनकी मान्यता लगभग समान होती है। सबसे पहले बीई कोर्स पर नजर डालें तो बीई कोर्स में सिद्धांत यानी थियोरेटिकल नॉलेज पर फोकस ज्यादा किया जाता है। दरअसल छात्रों को इस कोर्स के जरिए मूल सिद्धांत, कॉन्सेप्ट और फॉर्मूलों को गहराई से पढ़ाया जाता है। इस कोर्स के जरिए छात्रों को इंजीनियरिंग के विषयों की मजबूत समझ विकसित की जाती है। ज्यादातर लोग बीई को पहला ऑप्शन चुनते हैं। इस फील्ड से पढ़ाई करने वाले स्टूडेंट आमतौर पर आगे चलकर टीचिंग, रिसर्च या M.Tech और PhD जैसी उच्च शिक्षा की योजना भी बनाते हैं।
BTech के बारे में जानें
वहीं BTech कोर्स पर नजर डालें तो यह थियोरेटिकल से थोड़ा ज्यादा प्रैक्टिकल नॉलेज पर फोकस करता है, जिसमें लैब वर्क, प्रोजेक्ट, इंटर्नशिप और टेक्नोलॉजी के वास्तविक इस्तेमाल पर ज्यादा ध्यान दिया जाता है। इस कोर्स के जरिए छात्र को इंडस्ट्री नॉलेज भी मिलता है। जो छात्र मशीनों, टेक्नोलॉजी, सॉफ्टवेयर और फील्ड वर्क में जाने की इच्छा रखते हैं, उनके लिए यह इंजीनियरिंग का ऑप्शन शानदार होता है।
आज के समय में बड़े-बड़े संस्थान दोनों ही कोर्स और डिग्री ऑफर करते हैं। हालांकि आमतौर पर देखा जाता है कि बीई डिग्री पारंपरिक विश्वविद्यालयों में ज्यादा कराई जाती है, जबकि बीटेक की डिग्री आईआईटी, एनआईटी, आईआईआईटी और अन्य तकनीकी संस्थानों में ज्यादा चलती है।
क्या सैलरी में भी होता है अंतर?
वहीं अगर सैलरी के मामले में देखा जाए तो बता दें कि इसमें कोई बड़ा अंतर नहीं है। बीई और बीटेक के स्टूडेंट्स को लगभग समान सैलरी प्रदान की जाती है। सरकारी नौकरी, पीएसयू और निजी कंपनियों में भी इन दोनों ही डिग्रियों को समान रूप से देखा जाता है। इन दोनों ही डिग्रियों में उम्मीदवार की स्किल, प्रोजेक्ट एक्सपीरियंस और टेक्निकल नॉलेज को ज्यादा महत्व दिया जाता है।





