सोमनाथ स्वाभिमान पर्व : वीडी शर्मा बोले- ये सिर्फ मंदिर निर्माण नहीं, भारत के इतिहास, परंपरा, संस्कृति की पुनः स्थापना का दिन

वीडी शर्मा ने कहा सोमनाथ मंदिर भारत के स्वाभिमान और सांस्कृतिक विजय का प्रतीक है जो हमें भक्ति और राष्ट्र के प्रति समर्पण की प्रेरणा देता है।
Somnath Swabhiman Parv VD Sharma

Somnath Swabhiman Parv VD Sharma

सोमनाथ मंदिर पर 1026 में महमूद गजनबी द्वारा किये गए आक्रमण के 1000 वर्ष पूरे होने और मंदिर के जीर्णोद्धार के 75 वर्ष पूरे होने की स्मृति में देश में सोमनाथ स्वाभिमान पर्वआयोजित किया जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देशवासियों को इसके लिए बधाई दी है, प्रधानमंत्री ने कहा है कि सोमनाथ स्वाभिमान पर्व हमारी आध्यात्मिक परंपरा का एक सशक्त प्रतीक है, जिसे देशभर में पूरी श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया जा रहा है।

उन्होंने सोशल मीडिया X पर जानकारी दी है कि वे आज  रात करीब 8 बजे सोमनाथ मंदिर में ओंकार मंत्र के दिव्य जाप का हिस्सा  बनेगे। इसके अगले दिन सुबह लगभग 9:45 बजे मां भारती की अनगिनत वीर संतानों को समर्पित शौर्य यात्रा में शामिल होने के बाद मंदिर में दर्शन एवं पूजन करेंगे। इसके बाद यहां एक सार्वजनिक कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे।

वीडी शर्मा ने खजुराहो के मतंगेश्वर महादेव मंदिर में मंत्र जाप किया

सोमनाथ स्वाभिमान पर्व के अवसर पर देशभर में कार्यक्रम आयोजित किये जा रहे हैं, इसी क्रम में मध्य प्रदेश में भी धार्मिक आयोजन हो रहे हैं, भारतीय जनता पार्टी मध्य प्रदेश के पूर्व अध्यक्ष एवं खजुराहो सांसद वीडी शर्मा ने आज खजुराहो के मतंगेश्वर महादेव मंदिर में मंत्र जाप किया और आरती कर भोलेनाथ का आशीर्वाद लिया।

सोमनाथ मंदिर पर नहीं ये भारत के स्वाभिमान पर आक्रमण था 

मीडिया से बात करते हुए वीडी शर्मा ने कहा सोमनाथ मंदिर भारत के स्वाभिमान और सांस्कृतिक विजय का प्रतीक है जो हमें भक्ति और राष्ट्र के प्रति समर्पण की प्रेरणा देता है। उन्होंने कहा कि महमूद गजनी ने सोमनाथ मंदिर पर जो आक्रमण किया था वह भारत के स्वाभिमान पर, भारत की संस्कृति पर, भारत के मान बिंदुओं पर भारत की आस्था पर आक्रमण था।

मंदिर का निर्माण भारत की संस्कृति, परंपरा की स्थापना का दिन 

भारत ने सोमनाथ मंदिर को पुनरोद्धार कर देश के अंदर अपने मान और सम्मान पर स्थापित किया, मंदिर के निर्माण को भी कल 75 वर्ष पूरे होंगे और कल के दिन उसे गजनी के आक्रमण के 1000 वर्ष पूरे होंगे, उन्होंने कहा सोमनाथ का मंदिर केवल मात्र मंदिर का निर्माण नहीं बल्कि भारत की संस्कृति भारत के इतिहास और भारत की परंपरा और भारत के मान बिंदुओं को स्थापित करने का दिन इसपर हमें गर्व है।

Atul Saxena
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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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