रायपुर रूट की वंदे भारत एक्सप्रेस के किराए में नहीं होगी कटौती, ये है वजह

Vande Bharat train

Vande Bharat Express: देशभर में यात्रियों की सुविधाओं के लिए वंदे भारत एक्सप्रेस का विस्तार तेजी से किया जा रहा है। हालांकि, इस ट्रेन में सफर करने के लिए यात्रियों को जो किराया चुकाना होता है, वह काफी ज्यादा है और इसे लेकर लगातार कोई ना कोई खबर सामने आ रही है।बताया जा रहा है कि ट्रेन के किराए में कटौती की जाएगी। इन सब के उलट अब जो खबर सामने आई है उसके मुताबिक बिलासपुर से नागपुर के बीच ट्रेन में जो यात्री सफर कर रहे हैं उन्हें किराए में कटौती का कोई फायदा नहीं मिलने वाला है।

रायपुर मंडल के 70% यात्री इस ट्रेन में सफर कर रहे हैं। रेलवे द्वारा किराए में 25% कटौती करने की जो घोषणा की गई है वह इस रूट की ट्रेन में नहीं की जाएगी। रेलवे बोर्ड की ओर से जिन ट्रेनों में 50% से ज्यादा सीटें खाली रहती है उनका किराया 25% कम करने का निर्णय लिया है। जिसमें वंदे भारत एक्सप्रेस को भी शामिल किया गया है।

लाभ ना मिलने का कारण

बता दें कि वंदे भारत एक्सप्रेस पहले 16 बोगियों की थी लेकिन किराया अधिक होने के कारण यात्री इसे प्राथमिकता नहीं दे रहे थे। जिसके चलते इसकी 8 बोगियों को कम कर दिया गया था। इसके चलते ट्रेन की यात्री क्षमता 546 हो गई है। ट्रेन की क्षमता कम होने और सफर करने वाले यात्री की संख्या के अनुपात में कम अंतर होने की वजह से इस रूट पर छूट का लाभ नहीं दिया जा रहा है।

बिलासपुर-नागपुर वंदे भारत का किराया

बिलासपुर से नागपुर के बीच चलने वाली वंदे भारत ट्रेन तकरीबन 5 घंटे 30 मिनट का सफर करती है। इसे सप्ताह में 6 दिन 1 फेरे में चलाया जाता है। इसमें एग्जीक्यूटिव कोच का किराया 2045 रुपए और चेयर कार का किराया 1075 रुपए लगता है। अधिकारियों के मुताबिक रायपुर रेल मंडल की इस ट्रेन में 8 बोगियों के हिसाब से यात्रियों की संख्या 70% रहती है इसीलिए किराए में छूट का कोई भी आदेश मंडल के पास नहीं पहुंचा है।

25% छूट दिए जाने का जो फैसला रेलवे द्वारा लिया गया है उसमें ट्रेन की सीटें खाली रहने के अलावा कई नियम और शर्तें भी जारी की गई है। यही वजह है कि फिलहाल मंडल को आदेश नहीं दिए गए हैं। आम लोगों का कहना है कि अगर किराया कम हो जाएगा तो यात्रियों के लिए सुविधा रहेगी। रेलवे सलाहकार समिति के सदस्य भी इसे फिर से 16 बोगियों का करने की बात कह रहे हैं, ताकि लोगों को लाभ मिल सके। हालांकि, इसकी उम्मीद बहुत कम है। जल्द ही इस पर फैसला होगा।

Diksha Bhanupriy
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"पत्रकारिता का मुख्य काम है, लोकहित की महत्वपूर्ण जानकारी जुटाना और उस जानकारी को संदर्भ के साथ इस तरह रखना कि हम उसका इस्तेमाल मनुष्य की स्थिति सुधारने में कर सकें।” इसी उद्देश्य के साथ मैं पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रही हूं। मुझे डिजिटल से लेकर इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का अनुभव है। मैं कॉपी राइटिंग, वेब कॉन्टेंट राइटिंग करना जानती हूं। मेरे पसंदीदा विषय दैनिक अपडेट, मनोरंजन और जीवनशैली समेत अन्य विषयों से संबंधित है। View all posts by Diksha Bhanupriy →
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