मंदिरों में लगातार हो रही चोरियां, आरोपियों को पकड़ने में पुलिस नाकाम, श्रद्धालु ने घोषित किया 10 हजार का इनाम 

डबरा के दो मंदिरों में घंटे समेत कई चीजें चोरी हुई हैं। घटनाओं का खुलासा पुलिस करने में नाकाम है। अब श्रद्धालु ने चोरियों का खुलासा करने वालों के खिलाफ इनाम घोषित किया है।
dabra news

ग्वालियर जिले के डबरा (Dabra News) में चोरी के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। अब चोर मंदिरों तक को अपना निशाना बना रहे हैं। बीते दो हफ्तों के भीतर चोर दो मंदिरों को अपना निशाना बना चुके हैं। इन मंदिरों में हजारों रुपये के पीतल के घंटे, दान की राशि और अन्य कीमती चीजों की चोरी हुई है। पुलिस भी अब तक अपराधियों की तलाश नहीं कर पाई है।

लोगों के लिए ये मंदिर सालों से आस्था का केंद्र हैं। श्रद्धालु मंदिरों में श्रद्धा से हजारों रुपये के घंटे चढ़ाते हैं। दान भी करते हैं। लेकिन मंदिरों में चोरी की वारदात से लोग चिंतित हैं। ये मामले पुलिस को एक खुली चुनौती है।

इन मंदिरों में हुई चोरी, पुलिस पर उठ रहे सवाल

सिरोही बरोठा रोड पर स्थित राजन हनुमान मंदिर से हजारों रुपये का पीतल का घंटा चोरी हुआ था। जिसका आवेदन मंदिर के पुजारी एवं श्रद्धालुओं द्वारा डबरा देहात थाने में दिया गया था। लेकिन आज तक तक पुलिस द्वारा चोरी का खुलासा नहीं हो सका है। हैरानी की बात यह है कि उन्हें कोई सुराग भी नहीं मिले। वहीं 3 दिन पहले सिटी थाना क्षेत्र के अंतर्गत डबरा गांव स्थित कदम वाले हनुमान मदिर में भी चोरी का मामला सामने आया था। चोरों ने क्विंटलों पीतल के घंटे चोरी किए। इस तरह की घटना से श्रद्धालु आहत हैं। पुलिस प्रशासन पर सवाल उठा रहे हैं। उनका मानना है कि कि चोर लगातार मंदिरों को अपना निशाना बना रहे हैं। लेकिन  अब तक पुलिस इन चोरों का पता क्यों नहीं लगा पाई है?

एक श्रद्धालु ने घोषित किया इनाम

सिरोही बरोठा रोड पर स्थित राजन के मंदिर से संबंधित श्रद्धालु सोनू चौहान दर्शन कॉलोनी निवासी ने चोरों को पकड़ने के लिए इनाम घोषित किया है। उसने मीडियाकर्मियों को कहा कि, ” लगभग दो हफ्ते पहले रात में चोरों ने मंदिर के पीतल के घंटे चोरी कर लिए थे। जिनका पता अब तक डबरा देहात पुलिस ने नहीं लगा पाई है।” इसलिए अब उसने चोरी का पता लगाने वाले के लिए 10 हजार रुपये इनाम का ऐलान किया है।

[dgv_vimeo_video id=”1061547125″]

[dgv_vimeo_video id=”1061547311″]

[dgv_vimeo_video id=”1061547216″]
डबरा से अरुण रजक की रिपोर्ट 

Manisha Kumari Pandey
लेखक के बारे में
पत्रकारिता जनकल्याण का माध्यम है। एक पत्रकार का काम नई जानकारी को उजागर करना और उस जानकारी को एक संदर्भ में रखना है। ताकि उस जानकारी का इस्तेमाल मानव की स्थिति को सुधारने में हो सकें। देश और दुनिया धीरे–धीरे बदल रही है। आधुनिक जनसंपर्क का विस्तार भी हो रहा है। लेकिन एक पत्रकार का किरदार वैसा ही जैसे आजादी के पहले था। समाज के मुद्दों को समाज तक पहुंचाना। स्वयं के लाभ को न देख सेवा को प्राथमिकता देना यही पत्रकारिता है। अच्छी पत्रकारिता बेहतर दुनिया बनाने की क्षमता रखती है। इसलिए भारतीय संविधान में पत्रकारिता को चौथा स्तंभ बताया गया है। हेनरी ल्यूस ने कहा है, " प्रकाशन एक व्यवसाय है, लेकिन पत्रकारिता कभी व्यवसाय नहीं थी और आज भी नहीं है और न ही यह कोई पेशा है।" पत्रकारिता समाजसेवा है और मुझे गर्व है कि "मैं एक पत्रकार हूं।" View all posts by Manisha Kumari Pandey →
Follow Us :GoogleNews