शहीद-ए-आजम भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव के शहादत दिवस पर डबरा शहर देशभक्ति के नारों से गूंज उठा। 23 मार्च की शाम को ‘साथी हाथ बढ़ाना’ संगठन के बैनर तले आयोजित ‘एक शाम शहीदों के नाम’ कार्यक्रम में बड़ी संख्या में युवा और नागरिक शामिल हुए। कटारिया चौराहा स्थित भगत सिंह प्रतिमा स्थल पर हुए इस आयोजन का मुख्य आकर्षण कैंडल मार्च रहा।
कार्यक्रम का नेतृत्व कर रहे समाजसेवी चिंटू तोमर की अगुवाई में युवाओं ने हाथों में मोमबत्तियां लेकर शहीदों के बलिदान को याद किया। शाम 7 बजे शुरू हुए इस कार्यक्रम में शामिल लोगों का जोश देखते ही बन रहा था। ‘इंकलाब जिंदाबाद’ और ‘शहीदों का बलिदान, याद करेगा हिंदुस्तान’ जैसे नारों से पूरा वातावरण देशभक्ति के रंग में सराबोर हो गया।
कैंडल की रोशनी से जगमगाया प्रतिमा स्थल
इस श्रद्धांजलि सभा में युवाओं ने न केवल कैंडल मार्च निकाला, बल्कि मोमबत्तियों से भगत सिंह की प्रतिमा को भी सजाया। कैंडल की रोशनी में नहाया प्रतिमा स्थल एक भावनात्मक और प्रेरणादायक दृश्य प्रस्तुत कर रहा था। इस मौके पर युवाओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं और स्थानीय नागरिकों ने एकजुट होकर देश के लिए प्राणों की आहुति देने वाले वीर सपूतों को नमन किया।
युवाओं में दिखा देशभक्ति का जज्बा
कार्यक्रम के आयोजकों ने बताया कि इसका मुख्य उद्देश्य युवाओं में देशभक्ति की भावना को प्रबल करना और उन्हें शहीदों के त्याग और बलिदान से परिचित कराना था। चिंटू तोमर के नेतृत्व में हुए इस आयोजन ने सफलतापूर्वक युवाओं तक यह संदेश पहुंचाया। कार्यक्रम में शामिल लोगों ने शहीदों के दिखाए रास्ते पर चलने का संकल्प लिया।






