मध्य प्रदेश में पुलिस की सुरक्षा पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। दमोह जिले के रजपुरा थाना क्षेत्र में एक बड़ी घटना सामने आई, जहां गौ वध के एक आरोपी को पकड़ने गई पुलिस टीम पर ही भीड़ ने हमला बोल दिया। हमलावरों ने न सिर्फ पुलिसकर्मियों के साथ झूमाझटकी और मारपीट की, बल्कि गिरफ्तार किए गए आरोपी को भी छुड़ाकर ले गए।
इस हमले में थाना प्रभारी सहित चार पुलिसकर्मियों को चोटें आई हैं। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल है और भारी पुलिस बल तैनात कर आरोपियों की तलाश की जा रही है।
क्या है पूरा मामला?
जानकारी के अनुसार, रजपुरा पुलिस को सूचना मिली थी कि गौ वध के मामले में लंबे समय से फरार चल रहा आरोपी जेसा बंजारा हरदूटोला गांव में अपने घर पर मौजूद है। सूचना के आधार पर पुलिस की एक टीम ने गांव में दबिश दी और आरोपी जेसा बंजारा को सफलतापूर्वक गिरफ्तार कर लिया।
लेकिन जैसे ही पुलिस टीम आरोपी को लेकर घर से बाहर निकली, वहां पहले से जमा आरोपी के परिजनों और ग्रामीणों की भीड़ ने उन पर हमला कर दिया। भीड़ ने पुलिस पर लाठी, डंडों और पत्थरों से हमला किया। इस अचानक हुए हमले से पुलिसकर्मी संभल नहीं पाए और भीड़ आरोपी को उनकी गिरफ्त से छुड़ाकर ले जाने में कामयाब हो गई। पुलिसकर्मियों ने किसी तरह वहां से निकलकर अपनी जान बचाई।
8 नामजद समेत कई लोगों पर केस दर्ज
पुलिस टीम पर हमले और आरोपी को छुड़ाने की घटना की सूचना मिलते ही वरिष्ठ अधिकारियों में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में आसपास के थानों से अतिरिक्त पुलिस बल को हरदूटोला गांव भेजा गया और सघन तलाशी अभियान शुरू किया गया, हालांकि फरार आरोपी का कोई सुराग नहीं मिला।
“पुलिस पार्टी पर हमला करके आरोपी को छुड़ाया गया है। हमले में कोई जवान गंभीर घायल नहीं हुआ लेकिन थाना प्रभारी सहित 4 पुलिस कर्मियों को चोटें जरूर आई हैं। आठ नामजद हमलावरों सहित अन्य पर मुकदमा दर्ज कर उनकी तलाश की जा रही है और गौ वध के आरोपी जेसा बंजारा की गिरफ्तारी की कोशिशें और तेज की गई हैं।” — प्रिया सिंघी, एसडीओपी, पथरिया (दमोह)
इस मामले में पुलिस ने शासकीय कार्य में बाधा डालने, पुलिस दल पर हमला करने और आरोपी को छुड़ाने के आरोपों में 8 नामजद लोगों समेत अन्य अज्ञात हमलावरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस अब फरार गौ वध के आरोपी जेसा बंजारा और उस पर हमला करने वाले सभी लोगों की सरगर्मी से तलाश कर रही है।
दिनेश अग्रवाल





