सामाजिक दूरी और हाथों की स्वच्छता ही कोरोना से बचाव: एसडीएम वीरेंद्र सिंह

सामाजिक दूरी और हाथों की स्वच्छता ही कोरोना से बचाव: एसडीएम वीरेंद्र सिंह

सेवढा।दतिया|सत्येन्द्र सिंह रावत|  Datia News जिले के सेवड़ा तहसील में कोरोना वायरस (Corona Virus) के संक्रमण को रोकने के लिए और सामाजिक दूरी का महत्व के प्रति जागरूक करने के लिए चेतना रथ को सेवड़ा के एस डी एम वीरेंद्र सिंह बघेल ने शनिवार को हरी झंडी दिखा कर रवाना किया।

इस मौके पर उन्होंने कहा कि आज के समय मे कोरोना से बचने के केवल 3 ही रास्ते है एक तो सामाजिक दूरी का ध्यान, घर पर रहना और हाथों की स्वच्छता। उन्होंने मंजरी फ़ाउंडेशन के इस प्रयास की सराहना करते हुए कहा इस तरह के प्रयासों से गांवों के लोगो उनके गांव में ही कोरोना से जुड़ी जानकारी मिल पाएगी ओर लोग अपनी सुरक्षा अपने आप करने के प्रति जागरूक होंगे।

उन्होंने कहा कि हमे बार बार हाथ धोने की आदत को अपने व्यवहार में लाना चाहिए जिससे हम हमेशा स्वस्थ रह सके। उन्होंने कहा घर से बाहर तभी निकले जब बहुत ही आवश्यक हो और कपड़े या रूमाल से मुँह को ढककर ही बाहर निकले। उन्होंने कहा कि कोरोना को हराने के लिए हमे इस से डरने की जगह पर सभी को मिलकर लड़ना चाहिए। उन्होंने कहा बिना आम लोगो के सहयोग के इस महामारी से न लड़ा जा सकता है। इस मौके पर मंजरी फ़ाउंडेशन के विनोद राजपूत ने कहा इस चेतना रथ के साथ -साथ मास्क भी लोगो को भी बांटे जाएंगे इसके अलावा मंजरी के स्वयं सहायता समूह के द्वारा गांवों में सामाजिक दूरी, हाथ धोने के तरीकों ओर कोरोना से जुड़ी बेसिक जानकारी भी गांवों के लोगो को देंगी। उन्होंने कहा कि अभी भी बेसिक जागरूकता की जरूरत गांवो में है जिस से वो इस बीमारी की गम्भीरता को समझ सके और सतर्क रहें। उन्होंने कहा कि लोगो के बीच मे पहुंच कर इस बीमारी से जुड़ी जानकारी देने का यह अपने तरह का पहला प्रयास है। इस मौके पर नायाब तहसीलदार मंगरोल नरेंद्र यादव ने कहा कि आज के समय मे अचार, विचार और व्यवहार में परिवर्तन की सर्वाधिक आवश्यकता है। उन्होंने कहा सामाजिक दूरी को मन मे बिठा लेना चाहिए। किसी के कहने या बताने की जरूरत न होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि हमे हाथ धोने के जो निर्धारित तरीके है उनको पालन करना चाहिए। स्वस्छ हाथ आपके सुरक्षित और स्वस्थ होने की पहली शर्त होती है। इस मोके पर मंजरी फ़ाउंडेशन के हिमांशु भारद्वाज,अवध किशोर, रिंकू परमार आदि उपस्थित थे।

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