देवास के एक अंडरब्रिज में स्कूल वैन के फंसे होने वाले वायरल वीडियो को मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने गंभीरता से लिया और बच्चों की सुरक्षा से खिलवाड़ करने वाले लापरवाह वैन चालक पर सख्त एक्शन के निर्देश दिए, सीएम की नाराजगी के बाद देवास पुलिस ने फरार वैन चालक को तलाश कर उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया और गिरफ्तार कर जेल भेज दिया, सीएम की नाराजगी चलते पुलिस ने स्कूल संचालक के विरुद्ध भी प्रकरण दर्ज किया है।
मंगलवार को देवास का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, जिसमें एक स्कूल वैन एक रेलवे के अंडरब्रिज में पानी के बीच फंसी हुई दिखाई दे रही है उसमें बच्चे बैठे हैं, एक बच्ची वैन की छत पर बैठी और ड्राइवर गायब है, बच्चे लोगों से मदद की गुहार लगाते दिखाई दे रहे हैं।
स्टॉपर हटाकर वैन निकालने का प्रयास, फंस गई तो भाग गया चालक
दरअसल कल मंगलवार 25 अगस्त को देवास के सिविल लाइन क्षेत्र स्थित रेलवे अंडरब्रिज में भारी वर्षा के कारण जलभराव होने पर पुलिस ने सुरक्षा की दृष्टि से स्टॉपर लगाकर आवागमन को रोक दिया था। इसके बावजूद सिटी कॉन्वेंट स्कूल के मैजिक वाहन चालक ने स्टॉपर हटाकर वैन को पानी में उतार दिया। वैन पानी में बंद हो गई और अंडरब्रिज में खड़ी रह गई, चालक बच्चों को मौके पर ही छोड़कर भाग गया।
लोगों ने पुलिस की मदद से बच्चों को रस्सी के सहारे निकाला
राहगीरों ने जब स्कूल वैन को पानी से भरे अंडरब्रिज में फंसे देखा और बच्चों की गुहार सुनी तो उन्होंने डायल-112 और सिविल लाइन थाना पुलिस को सूचित किया फिर सबने मिलकर रस्सी के सहारे वैन में बैठे स्कूली बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला। लोगों ने इसका वीडियो बना लिया और सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया, जिसपर मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने संज्ञान लिया और देवास प्रशासन को एक्शन लेने के निर्देश दिए।
चालक गिरफ्तार,वैन जब्त, स्कूल संचालक पर भी मुकदमा दर्ज
मुख्यमंत्री के निर्देश पर पुलिस ने चालक का पता लगाकर उसे खोज निकाल और उसके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 281, 285 एवं मोटर व्हीकल एक्ट की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया जिसे न्यायालय ने जेल भेज दिया, पुलिस ने वाहन जब्त कर लिया और अतिरिक्त सुरक्षा मानकों और चरित्र सत्यापन संबंधी दिशा-निर्देशों की अनदेखी करने पर स्कूल संचालक के विरुद्ध भी बीएनएस की धारा 223 के तहत अपराध पंजीबद्ध कर लिया।
प्रशासन ने स्कूल संचालकों को दिए कड़े निर्देश
सीएम डॉ मोहन यादव ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि बच्चों की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मुख्यमंत्री की नाराजगी और चालक की लापरवाही के बाद जिला प्रशासन एवं पुलिस ने सभी स्कूल प्रबंधकों को स्पष्ट निर्देश दिये है कि वे सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ वाहनों की फिटनेस, परमिट और चालकों के पुलिस सत्यापन अपडेट रखें। किसी भी परिस्थिति में जलभराव वाले मार्गों या पुल-पुलियों से वाहन न निकालने के कड़े निर्देश चालकों को दिए जाएं, नियमों की अनदेखी पर कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।






