कहते हैं प्रशासन चाहे तो कुछ भी कर सकता है उसके लिए उसे किसी की शिकायत की जरुरत भी नहीं होती बस प्रशासन में मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों में अपने फर्ज के प्रति जिम्मेदारी का अहसास होना चाहिए… ये बिलकुल सच है ..शनिवार को ग्वालियर में भी एक ऐसा ही उदाहरण सामने आया जिसकी चर्चा अब शहर में हो रही है।
कहने को तो ये एक सामान्य प्रशासनिक कार्रवाई है लेकिन इसके पीछे छिपा सच बहुत बड़ा है…हॉकी में भारत का नाम दुनिया में रोशन करने वाले कैप्टन रूप सिंह को सम्मान देने के लिए सिटी सेंटर क्षेत्र में स्टेडियम है ये वही स्टेडियम है जिसपर महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर ने एक दिवसीय क्रिकेट मैच का पहला दोहरा शतक लगाया था, 24 फरवरी 2010 को इसी स्टेडियम में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ खेले गए मैच में सचिन ने अपने नाम के साथ कैप्टन रूप सिंह स्टेडियम का नाम भी सुनहरे अक्षरों में लिख दिया।
कैप्टन रूप सिंह स्टेडियम के पास ही उनकी प्रतिमा स्थापित है, लेकिन इसकी उपेक्षा की शिकायतें खेल प्रेमी और शहर के नागरिक कई बार कर चुके, प्रतिमा जिस छोटे से पार्क में है वो सूरज ढलते ही असामाजिक तत्वों का ठिकाना बन जाता है, शिकायतों के बाद भी जब कोई स्थाई एक्शन नहीं हुआ तो धीरे धीरे इस क्षेत्र में कई गुमटियां लग गई, मोमोज, चाय, काफी, डोसा आदि की ठेले यहाँ जम गए और फिर जुटने लगे असामाजिक तत्व, पास में ही बसी मानिक विलास कालोनी के लोगों ने भी कई शिकायतें की लेकिन नतीजा सिफर ही रहा।
मारपीट के वायरल वीडियो के बाद पुलिस का एक्शन
पिछले दिनों इसी क्षेत्र का एक वीडियो वायरल हुआ जिसमें दो पक्ष आपस में गालियाँ देते हुए मारपीट कर रहे थे, इनमे से एक युवक के हाथ में देसी कट्टा भी था, वीडियो पुलिस के पास भी पहुंचा लेकिन इस मामले में दोनों पक्षों में से किसी ने शिकायत नहीं की लेकिन पुलिस ने इसे गंभीर अपराध मानते ही स्वतः संज्ञान लिया और तीन लोगों को हिरासत में ले लिया कट्टा भी जब्त किया, मालूम चला कि विवाद किसी लड़की को लेकर था।
रात होते ही जुट जाते थे असामाजिक तत्व
सीएसपी रवि भदौरिया ने जब इस मामले को देखा तो जानकारी सामने आई कि रूप सिंह स्टेडियम के पास गुमटियों पर रात होते ही असामाजिक तत्व जुट जाते हैं, उन्होंने विश्व विद्यालय थाने की टीम के साथ जाकर चुपचाप निरीक्षण किया तो शिकायत सही मिली उसके बाद उन्होंने नगर निगम को जानकारी दी, निगम अफसर और पुलिस दोनों विभाग के अधिकारी गुमटी संचालकों के पास गए और 24 घंटे में हटा लेने का अल्टीमेटम दिया लेकिन जब गुमटी नहीं हटीं तो फिर आज एक्शन लिया गया
अवैध गुमटियों पर चला नगर निगम का बुलडोजर
नगर निगम अधिकारियों के निर्देश पर मदाखलत अमला रूपसिंह स्टेडियम के पास बुलडोजर लेकर पहुंचा, सुरक्षा के लिए वहां सीएसपी रवि भदौरिया के नेतृत्व विश्वविद्यालय थाने की पुलिस मौजूद थी, निगम के मदाखलत अमले ने एक एक कर सभी गुमटियों पर बुलडोजर चलाकर उन्हें वहां से हटा दिया, अधिकारियों ने चेतावनी दी कि यदि फिर किसी ने अतिक्रमण की कोशिश की तो कई क़ानूनी कार्रवाई की जाएगी।






