
Lok Sabha Election 2024 : लोकसभा चुनाव के तीसरे चरण में मतदान की तैयारी पूरी हो गई है, कल 7 मई को सुबह 7 बजे से वोटिंग शुरू होगी, इसके लिए ग्वालियर जिले की सभी 6 विधानसभा क्षेत्रों में बनाये गए सभी 1680 मतदान के केंद्रों पर मतदान दल पहुंच गए हैं, पोलिंग पार्टियों के पहुँचने पर स्थानीय लोगों ने उनका फूलमालाओं से आत्मीय स्वागत किया, उधर मतदान केंद्रों पर सभी तरह की व्यवस्थाएं शासन की तरफ से की गई हैं शुद्ध पेयजल सहित रुकने के लिए गद्दों की व्यवस्था की गई है, सुबह 7 बजे से मतदान की प्रक्रिया शुरू होगी, जिले में 100 आदर्श मतदान केन्द्र बनाए गए हैं जहाँ मतदाताओं का स्वागत वेलकम ड्रिंक्स से होगा।

लोकतंत्र के महापर्व लोकसभा चुनाव का तीसरा चरण कल 7 मई को है, आज मतदान से पहले की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई , ग्वालियर जिले के सभी 6 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों के समस्त 1680 मतदान केन्द्रों तक मतदान दल पहुँच गए हैं। मतदान दलों को इलेक्ट्रोनिक वोटिंग मशीन (ईव्हीएम) व चिन्हित मतदाता सूची सहित अन्य मतदान सामग्री प्रदान कर सोमवार को विशेष वाहनों से मतदान केन्द्रों तक पहुँचाया गया। मतदान दलों के साथ हर मतदान केन्द्र पर पुलिस बल भी पहुँच गया है।
मतदान केन्द्र पर हुआ आत्मीय स्वागत
मतदान सामग्री लेने आए मतदान दलों का उत्साह देखते ही बन रहा था। मतदान दलों में शामिल महिला अधिकारियों ने खुशी-खुशी मतदान सामग्री प्राप्त की और उत्साह के साथ विशेष वाहन में सवार होकर अपने मतदान केन्द्र पर पहुँचे। साथ ही यह संदेश दिया कि हम सब मतदान कराने के लिये तैयार हैं। मतदाता भी उत्सवी माहौल में वोट डालने आएँ। मतदान केन्द्रों पर मतदान दलों का पुष्पहारों से आत्मीय स्वागत किया गया।

मतदाताओं से निर्भीक होकर मतदान करने की अपील
कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्रीमती रुचिका चौहान तथा पुलिस अधीक्षक धर्मवीर सिंह ने जिले के सभी मतदाताओं से निर्भीक होकर मतदान करने की अपील की है। जिले में स्वतंत्र, निष्पक्ष, निर्विघ्न एवं शांतिपूर्ण ढंग से मतदान सम्पन्न कराने के लिए सुरक्षा के व्यापक और पुख्ता इंतजाम किये गये हैं। अधिकारियों ने कहा है कि मतदान दिवस को जिला व पुलिस प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों समेत कार्यपालक मजिस्ट्रेट एवं 123 सेक्टर अधिकारी, लगभग इतनी ही पुलिस मोबाइल, 20 एफएसटी व खण्ड स्तरीय पुलिस अधिकारियों द्वारा लगातार मतदान केन्द्रों का भ्रमण किया जायेगा । मतदान में गड़बडी करने अथवा बाधा पहुँचाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जायेगी । मतदाओं से यह भी अपील की गई है कि वे किसी के बहकावे में न आयें और अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराये गये वाहनों का उपयोग मतदान केन्द्र तक जाने के लिए न करें।
1271 मतदान केन्द्रों की सीसीटीव्ही कैमरों के जरिए होगी वेबकास्टिंग
जिले के कुल 1680 मतदान केन्द्रों में से 1271 मतदान केन्द्रों की पल-पल की गतिविधि की जानकारी वेबकास्टिंग के जरिए जिला निर्वाचन कार्यालय तक पहुँचेगी। इन सभी केन्द्रों पर सीसीटीव्ही कैमरे लगाए गए हैं।

क्रिटिकल मतदान केन्द्रों पर पैरामिलिट्री फोर्स व माइक्रो आब्जर्वर्स की तैनाती
जिले में 21 सहायक मतदान केन्द्रों सहित कुल 1680 मतदान केन्द्रों में से लगभग 470 मतदान केन्द्रों को क्रिटिकल मतदान केन्द्रों के रूप में चिन्हित किया गया है। इन सभी मतदान केन्द्रों पर पैरामिलिट्री फोर्स व माइक्रोआब्जर्वर तैनात रहेंगे। माइक्रो ऑब्जर्वर सीधे निर्वाचन प्रेक्षक को रिपोर्ट करेंगे।
हर मतदान केन्द्र पर होगा मॉकपोल
सभी मतदान केन्द्रों पर मतदान दिवस को मतदान शुरू करने से पहले मॉकपोल (दिखावटी मतदान) होगा। जिला निर्वाचन अधिकारी श्रीमती रुचिका चौहान ने निर्धारित समय अर्थात प्रात: 5.30 बजे से मॉकपोल सम्पन्न कराने के निर्देश दिये हैं। साथ ही मॉकपोल होने की सूचना रिटर्निंग अधिकारी कार्यालय पहुँचाने की भी हिदायत दी है। लोकसभा का चुनाव लड रहे उम्मीदवारों के मतदान अभिकर्ता (एजेन्ट) भी मोकपोल के दौरान मौजूद रह सकेंगे।
मतदान केन्द्र पर उपलब्ध रहेंगे बीएलओ
भारत निर्वाचन आयोग के दिशा निर्देशों के तहत ग्वालियर जिले में घर-घर मतदाता पर्ची पहुँचाने के प्रयास किए गए हैं। संबंधित बीएलओ (बूथ लेबल अधिकारी) के जरिए घर-घर मतदाता पर्चियाँ पहुँचाई गई हैं। यदि किसी मतदाता को मतदाता पर्ची नहीं मिल पाई है तो उसके सहयोग के लिये बीएलओ मतदान दिवस को मतदान केन्द्र पर भी उपलब्ध रहेंगे। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ने वोट डालने के लिये सभी मतदाताओं से मतदाता पहचान पत्र (इपिक) अथवा 12 अन्य पहचान दस्तावेजों में से कोई एक साथ में लेकर आने की अपील की है।

वोटर स्लिप पर्याप्त नहीं, इपिक अथवा 12 पहचान दस्तावेजों में से कोई एक लेकर जाएँ
केवल वोटर स्लिप के आधार पर मतदाता वोट नहीं डाल पायेंगे। वोटरकार्ड अथवा भारत निर्वाचन आयोग द्वारा मतदाताओं की पहचान स्थापित करने के लिये निर्धारित किए गए 12 अन्य दस्तावेजों के आधार पर मतदाता अपना वोट डाल सकेंगे। इन पहचान दस्तावेजों में आधारकार्ड, पासपोर्ट, ड्रायविंग लायसेंस, राज्य पब्लिक लिमिटेड कंपनियों द्वारा सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम एवं केन्द्र सरकार अपने-अपने कर्मचारियों को जारी किए जाने वाले फोटोयुक्त सेवा पहचान पत्र मान्य किए जायेंगे। पहचान के रूप में बैंकों, डाकघरों द्वारा जारी की गई फोटोयुक्त पासबुक, पेनकार्ड, आरजीआई एवं एनपीआर द्वारा जारी किए गए स्मार्ट कार्ड, मनरेगा जॉब कार्ड, श्रम मंत्रालय की योजनाओं के अंतर्गत जारी स्वास्थ्य बीमा स्मार्ट कार्ड भी वैकल्पिक दस्तावेज के रूप में शामिल हैं। फोटोयुक्त पेंशन दस्तावेज, सांसदों, विधान परिषद सदस्यों को जारी किए गए सरकारी पहचान पत्र तथा यूनिक डिसएबिलिटी आईडी (यूडीआईडी) कार्ड शामिल हैं।
मतदान केन्द्र से 200 मीटर दूर बूथ बनाने की मिलेगी अनुमति
मतदान दिवस को प्रत्याशी मतदान केन्द्र की 200 मीटर की परिधि के बाहर अस्थायी बूथ (मतदाता सहायता केन्द्र) बना सकेंगे। इसकी अनुमति स्थानीय निकाय से लेनी होगी। बूथ पर केवल एक टेबल व दो कुर्सियाँ रखने की अनुमति होगी। धूप से बचाव के लिए एक छाता अथवा 10X10 फीट आकार का छोटा सा तम्बू लगाया जा सकेगा।
100 मीटर के दायरे में मोबाइल फोन प्रतिबंधित रहेंगे
मतदान केन्द्र के 100 मीटर के दायरे में मोबाइल फोन पूर्णत: प्रतिबंधित रहेंगे। 100 मीटर के दायरे में मतदान की याचना भी नहीं की जा सकेगी। साथ ही हथियार भी इस सीमा के भीतर पूर्णत: प्रतिबंधित हैं।
7 मई को रहेगा सार्वजनिक अवकाश
सभी मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकें। इस उद्देश्य से मध्यप्रदेश शासन द्वारा मतदान दिवस 7 मई को सार्वजनिक अवकाश का दिन घोषित किया गया है। भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के परिपालन में श्रमायुक्त मध्यप्रदेश ने कारखानों एवं अन्य औद्योगिक व व्यवसाय में कार्यरत कामगारों को विधानसभा निर्वाचन में मताधिकार का उपयोग करने के लिये सवैतनिक अवकाश देने का आदेश जारी किया है।
वेलकम ड्रिंक्स से होगा मतदाताओं का स्वागत
कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्रीमती रुचिका चौहान ने बताया कि जिले के सभी विधानसभा क्षेत्रों में कुल मिलाकर 100 आदर्श मतदान केन्द्र बनाए गए हैं। इन मतदान केन्द्रों को आकर्षक ढंग से सजाया-सँवारा गया है। साथ ही मतदाताओं का स्वागत वैलकम ड्रिंक अर्थात जलजीरा व नींबू पानी इत्यादि से किया जायेगा। साथ ही शीतल पेयजल की भी व्यवस्था रहेगी। जिले के सभी मतदान केन्द्रों पर जहाँ मतदाताओं की कतार लगती है वहाँ यथासंभव शेड व टेंट इत्यादि लगाकर छाया की व्यवस्था की गई है।
महिलाओं द्वारा 75 व दिव्यांगों द्वारा 6 मतदान केन्द्र होंगे संचालित
ग्वालियर जिले में शतप्रतिशत महिला अधिकारी-कर्मचारियों द्वारा संचालित होने जा रहे 75 मतदान केन्द्र स्थापित किए गए हैं। इसी तरह जिले के प्रत्येक विधानसभा क्षेत्रों में एक – एक मतदान केन्द्र के मान से कुल 6 ऐसे मतदान केन्द्र बनाए गए हैं, जिनके मतदान दलों में शामिल सभी अधिकारी-कर्मचारी दिव्यांग हैं। इन मतदान केन्द्रों पर सुविधाओं का विशेष इंतजाम किया गया है।
ग्वालियर से अतुल सक्सेना की रिपोर्ट
पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

