राशन वितरण पर कई दलों ने उठाये सवाल,13 मई को कलेक्ट्रेट पर सामूहिक सत्याग्रह

राशन वितरण पर कई दलों ने उठाये सवाल,13 मई को कलेक्ट्रेट पर सामूहिक सत्याग्रह

ग्वालियर/अतुल सक्सेना

कोरोना महामारी में जरूरतमंद जनता के लिए राशन दुकानों से वितरित की जा रही राशन सामग्री पर कई दलों ने सवाल उठाये हैं। इन दलों ने इसके खिलाफ सामूहिक रूप से 13 मई को कलेक्ट्रेट पर सत्याग्रह करने की घोषणा की है।

विभिन्न राजनैतिक और सामाजिक दलों के नेताओं ने सरकार और प्रशासन पर आरोप लगाते हुए कहा कि गरीबों को राशन वितरण में प्राथमिकता देने के बजाए उपचुनाव की तैयारी की जा रही है। राशन वितरण में पारदर्शिता बरतने की लिए सर्वदलीय राहत समितियां ना बनाकर सत्ताधारी लोगों के जरिये राशन वितरण का काम किया जा रहा है। नतीजा यह हुआ है कि बड़े पैमाने पर ऐसे लोग हैं जिन्हें सरकारी राशन उपलब्ध नहीं हो सका है, जिससे लोग भूखमरी का शिकार हो रहे हैं दूसरी ओर बहुत बड़े पैमाने पर राशन घोटाला होने की आशंका है।

ग्वालियर के विभिन्न राजनीतिक दल के नेताओं मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के अखिलेश यादव, आम आदमी पार्टी के शैलेन्द्र सिंह भदौरिया, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी(माले) के अशोक पाठक, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के सुरेंद्र जायसवाल, जनाधिकार पार्टी के सुग्रीव सिंह कुशवाह, राष्ट्रीय समानता दल के गौतम सिंह राजपूत,भारतीय अपना अधिकार पार्टी के बादाम सिंह राजपूत, भारतीय राष्ट्रीय मजदूर दल के विशाल कितकिरिया, सामाजिक संगठन हेलो ग्वालियर के हिमांशु कुलश्रेष्ठ आदि ने संयुक्त बयान जारी करते हुए कहा कि इस महामारी में जनता को राशन उपलब्ध कराने में सरकार और जिला प्रशासन विफल साबित हुआ है। सभी संगठनों की मांग है कि केरल की तर्ज पर सरकारी राशन की दुकानों से खाने की 16 आवश्यक वस्तुयें मिलनी चाहिए थी लेकिन वह नहीं मिली हैं। इतना ही नहीं सभी राशन कार्डधारी लोगों को अभी तक राशन नहीं मिला है इन सब बातों को लेकर उपरोक्त सभी दल 13 मई को सुबह 10:30 बजे फ़िजिकल डिस्टेंसिन का पालन करते हुए कलेक्ट्रेट पर सत्याग्रह करेंगे।

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