सीधी हादसे के बाद नींद से जागा परिवहन विभाग, नर्मदा पुल रेलिंग पर लगाए रिफलेक्टर 

सीधी हादसे के बाद नींद से जागा परिवहन विभाग, नर्मदा पुल रेलिंग पर लगाए रिफलेक्टर 

होशंगाबाद, राहुल अग्रवाल। मध्यप्रदेश में जब कही कोई दुर्घटना होती है उससे सबक लेकर उस विभाग के अधिकारी सक्रिय हो जाते हैं। पिछले दिनों जहरीली शराब पीने से हुई मौतों के बाद आबकारी विभाग दिन रात काम में लगा हुआ हैं। अच्छा भी है। जब जागो तब सवेरा ऐसे ही कल एक और  ह्दय विदारक हादसा सीधी जिले में हुआ जहाँ बस 7 मीटर गहरी बाणगंगा नहर में जा गिरी जिससे 51 लोगो की मौत हो गई।

दुर्घटना का बाद जागा जिला प्रशासन

बस दुर्घटना के बाद से जहाँ पूरे प्रदेश मे हलचल मची हुई है वही होशंगाबाद जिले में प्रशासन ने सख्ती बरतते हुए पुल – पुलियाओं और उन पर सुरक्षा की दृष्टि से लगाई गई रेलिंग और साथ ही नदी नालों व नहरों के ऊपर बनाये गये पुलों पर संकेतक चिन्हों की भी जांच पड़ताल करना शुरू कर दिया है।

कलेक्टर ने दिये निर्देश

आज जिला कलेक्टर धनंजय सिंह ( Dhananjay Singh) के दिशा निर्देशन में क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी (Regional Transport Officer) मनोज तेहनगुरिया ने आरटीओ टीम के साथ नर्मदा ब्रिज के ऊपर पहुंचकर दोनों तरफ की रेलिंग को देखा और जो भी रेलिंग डैमेज दिखाई दी उन पर जगह जगह रेडियम रिफलेक्टर (Redium Reflector) को चिपकाया। जिससे रात के समय तेज रफतार वाहन चालकों को वाहनो की रोशनी में दूर से ही दिखाई दे और चालक वाहनों को संयमित गति से निकाले जिससे सड़क दुर्घटनाओं से बचा जा सके ।

अधिकारी ने दी जानकारी

क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी मनोज तेहनगुरिया ने बताया कि नर्मदा पुल के ऊपर कुछ स्थानों पर लगी लोहे की रेलिंग टूटी  दिखाई दी जिन पर धूल मिटटी जमी हुई थी जिसे कपडे से साफ कर उस पर रेडियम की पट्टी पूरी तरह से चिपकाई गई है। लगभग आधा किलोमीटर के दायरे में चार पांच जगहों पर डैमेज रेलिंग को पूरी तरह रेडियम रिफलेक्टर (Redium Reflector) से पैक किया है । ताकि रात्रिकालीन समय मे वाहनो की रोशनी से दूर से ही यह दिखाई दे। और वाहन चालक संयमित गति से वाहन निकाल सकेगा

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निदेशक और संपादक

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