
Vinayak Chaturthi 2024 : विनायक चतुर्थी का पर्व भगवान गणेश को समर्पित होता है। यह पर्व हिंदू धर्म में बड़े उत्साह और धूमधाम के साथ मनाया जाता है। जिसमें महाराष्ट्र, गुजरात, राजस्थान और मध्य प्रदेश शामिल है। बता दें कि हर मास में चतुर्थी को दो बार मनाया जाता है। एक चंद्र चतुर्थी और एक सूर्य चतुर्थी। इन दोनों में से चंद्र चतुर्थी विशेष रूप से बड़े उत्साह और धूमधाम के साथ मनाई जाती है, जबकि सूर्य चतुर्थी भी महत्वपूर्ण होती है लेकिन यह अधिक शांति के साथ मनाई जाती है। इस दिन भक्त भगवान गणेश की पूजा, व्रत और आराधना करते हैं। वहीं, इस बार यह व्रत 10 जून यानी कल रखा जाएगा। इस व्रत के माध्यम से जीवन में समृद्धि, सौभाग्य, और सुख-शांति की प्राप्ति होती है। तो चलिए आज के आर्टिकल में हम आपको गणपति बप्पा के खास मंत्रों के बारे में बताएंगे, जिनका जाप करने से आप पर सदैव भगवान की कृपा बनी रहेगी।

भगवान गणेश के मंत्र
- ॐ गं गणपतये नमः
- वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ।
निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा॥ - श्री वक्रतुण्ड महाकाय कोटिसूर्य समप्रभ।
निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा॥
गणेश गायत्री मंत्र
- ॐ एकदन्ताय विद्महे, वक्रतुण्डाय धीमहि, तन्नो दन्ति प्रचोदयात्॥
ऐसे करें पूजा
- सबसे पहले पूजा के लिए स्नान करें और शुद्ध वस्त्र पहनें।
- जिसके बाद एक कलश में जल भरकर सुपारी, नारियल आदि से सजाकर कलश स्थापित करें।
- फिर गणेश भगवान की मूर्ति को पूजा स्थल पर स्थापित करें।
- अब गणेश भगवान के पूजन के लिए लड्डू, पुष्प, दीप, अर्पी, कुमकुम, अभिषेक के लिए जल, सिंदूर और फल आदि रखें।
- गणेश भगवान को ध्यान में लेकर मंत्रों के साथ पूजा अर्चना करें।
- फिर गणेश भगवान को आरती दें।
- पूजा के बाद प्रसाद बांटे।
(Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है। MP Breaking News किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।)
सीनियर कंटेंट राइटर · डिप्लोमा इन मास कम्युनिकेशन, बीए. 2022 से MP Breaking News में; पहले लाइव इंडिया, VIP News Channel और Khabar Bharat में कार्य.

