
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आज इंदौर के ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर में ‘मध्यप्रदेश अर्बन ग्रोथ कॉन्क्लेव 2.0’ का शुभारंभ करेंगे। कॉन्क्लेव का उद्देश्य प्रदेश में नगरीय विकास को गति देना, शहरी अधोसंरचना में निवेश को प्रोत्साहित करना और आधुनिक तकनीक के माध्यम से शहरों को अधिक सुविधायुक्त बनाना है। कार्यक्रम में निवेश, नवाचार, डिजिटल गवर्नेंस और पर्यावरण अनुकूल शहरी विकास से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा होगी।
मुख्यमंत्री कार्यक्रम के दौरान निवेशकों और उद्योगपतियों के साथ वन-टू-वन बैठकें भी करेंगे। इनमें शहरी क्षेत्रों में निवेश की संभावनाओं, विकास परियोजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और भविष्य में सहयोग के अवसरों पर विचार-विमर्श किया जाएगा। राज्य सरकार विकसित मध्यप्रदेश @ 2047 के लक्ष्य के तहत आधुनिक, हरित और पर्यावरण अनुकूल शहरों के निर्माण पर जोर दे रही है।
टियर-2 शहरों के विकास पर रहेगा फोकस
इस कॉन्क्लेव में महानगरों के साथ प्रदेश के टियर-2 शहरों के विकास को लेकर भी विशेष सत्र आयोजित किए जाएंगे। इनमें शहरी पुनर्विकास, परिवहन आधारित विकास, आवास, मास्टर प्लान, डेवलपमेंट कॉरिडोर और शहरी नियोजन जैसे विषयों पर चर्चा होगी। इसके अलावा रियल एस्टेट क्षेत्र में प्रक्रियाओं को सरल बनाने, ईज ऑफ डूइंग बिजनेस, विकास अनुमतियों और अनापत्ति प्रमाण-पत्रों से जुड़ी व्यवस्थाओं में सुधार पर भी मंथन किया जाएगा।
नगरीय प्रशासन में डिजिटल तकनीक के इस्तेमाल को बढ़ावा देने के लिए स्वचालित भवन अनुज्ञा अनुमोदन प्रणाली, ऑनलाइन एनओसी, जीआईएस आधारित नियोजन और डिजिटल गवर्नेंस जैसे विषय भी एजेंडे में शामिल हैं। परियोजना प्रबंधन सूचना प्रणाली के माध्यम से शहरी विकास परियोजनाओं के क्रियान्वयन को अधिक प्रभावी बनाने पर भी विचार किया जाएगा।
जल सुरक्षा और पर्यावरण अनुकूल शहरों पर चर्चा
कॉन्क्लेव में जलवायु अनुकूल शहरों, जल सुरक्षा और सर्कुलर इकोनॉमी पर आधारित केंद्रित सत्र भी होंगे। इनमें शहरी जल प्रबंधन, जल के पुनः उपयोग, अमृत 2.0, सिटी फॉरेस्ट, सेंट्रल पार्क और वायु गुणवत्ता में सुधार जैसी पहल पर चर्चा होगी। इसके साथ ही इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, कचरे से ऊर्जा उत्पादन, सौर ऊर्जा परियोजनाओं और कंप्रेस्ड बायोगैस (सीबीजी) इकोसिस्टम के विकास पर भी विशेषज्ञ अपने विचार रखेंगे। शहरों में जीवन की गुणवत्ता बेहतर बनाने और पर्यावरणीय चुनौतियों से निपटने के लिए विभिन्न विकल्पों पर विचार-विमर्श किया जाएगा।
शहरी परियोजनाओं के वित्तपोषण पर भी मंथन
शहरी विकास परियोजनाओं के लिए वित्तीय संसाधन जुटाना भी कॉन्क्लेव का प्रमुख विषय होगा। इसमें अर्बन चैलेंज फंड, सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी), ग्रीन बॉन्ड, नगर पालिका बॉन्ड, टेंपल बॉन्ड और संयुक्त उपक्रम जैसे वित्तीय विकल्पों पर चर्चा की जाएगी। इसके अलावा बहुपक्षीय वित्तीय संस्थानों से सहयोग, अनुदान और वायबिलिटी गैप फंडिंग के माध्यम से शहरी परियोजनाओं को आगे बढ़ाने की संभावनाओं पर भी मंथन होगा। कार्यक्रम में नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, अपर मुख्य सचिव संजय दुबे और नगरीय विकास एवं आवास आयुक्त संकेत भोंडवे सहित वरिष्ठ अधिकारी, उद्योग जगत के प्रतिनिधि और विषय विशेषज्ञ शामिल होंगे।
शहरों के विकास की नई रूपरेखा होगी तैयार…
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के मुख्य आतिथ्य में
“अर्बन ग्रोथ कॉन्क्लेव 2.0”💠एक मंच पर जुटेंगे निवेशक और विशेषज्ञ
💠 आधुनिक सुविधाएं, बेहतर शहरी नियोजन और निवेश की नई संभावनाओं पर होगी चर्चा🗓️28 अक्टूबर, 2026
📍ब्रिलियंट कन्वेंशन… pic.twitter.com/ftwiJCM5Jp— Chief Minister, MP (@CMMadhyaPradesh) October 28, 2026

