प्रधान आरक्षक को 5,000 रुपये की रिश्वत लेते लोकायुक्त पुलिस ने पकड़ा

प्रधान आरक्षक को 5,000 रुपये की रिश्वत लेते लोकायुक्त पुलिस ने पकड़ा

Indore Lokayukta Police Action : रिश्वत लेने वाले अधिकारियों कर्मचारियों के खिलाफ लगातार एक्शन लिए जा रहे हैं बावजूद इसके रिश्वत लेने वाले शासकीय सेवक बाज नहीं आ रहे, लोकायुक्त पुलिस ने आज फिर एक रिश्वतखोर कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई की है, इंदौर लोकायुक्त पुलिस ने 5,000/- रुपये की रिश्वत लेते पुलिस के प्रधान आरक्षक को पकड़ा है ।

जानकारी के मुताबिक सांवेर क्षेत्र में रहने वाले एक व्यक्ति के बेटे और कुछ अन्य लोगों के खिलाफ सांवेर थाने में पिछले दिनों एक अपराध दर्ज हुआ था उसमें जमानत के लिए वो व्यक्ति प्रधान आरक्षक जयवंत यादव से मिला था  प्रधान आरक्षक ने उनसे कोर्ट में जल्दी आवेदन लगाने के बदले 5,000/- रुपये की रिश्वत की मांग की।

लोकायुक्त ने बनाई ट्रैप की योजना

रिश्वत मांगे जाने के बाद उक्त व्यक्ति ने लोकायुक्त एसपी इंदौर कार्यालय को शिकायती आवेदन दिया, आवेदन के बाद लोकायुक्त पुलिस ने इसकी जांच की और फिर आवेदक को समझाइश देकर टेप रिकॉर्डर देकर प्रधान आरक्षक के पास भेजा, प्रधान आरक्षक द्वारा रिश्वत मांगे जाने की पुष्टि होने पर ट्रैप करने की योजना बनाई।

रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया

प्रधान आरक्षक जयवंत ने आवेदक को आज मंगलवार को सांवेर थाने में बुलाया और फिर आवेदक को रिश्वत की राशि 5,000/- रुपये किसी अन्य व्यक्ति को देने के लिए कहा, प्रधान आरक्षक द्वारा ऐसा करते ही वहां मौजूद लोकायुक्त पुलिस ने प्रधान आरक्षक को रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया और उसके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धाराओं में मामला दर्ज कर लिया।

Atul Saxena
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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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