इजरायल और हमास के बीच जारी जंग के बीच अब दो देशों में एक नया कूटनीतिक संघर्ष छिड़ गया है। दक्षिण अफ्रीका ने बड़ी कार्रवाई करते हुए इजरायली उप-राजदूत एरियल सिडमैन को ‘अवांछित व्यक्ति’ (persona non grata) घोषित कर दिया है। उन्हें 72 घंटों के भीतर देश छोड़ने का सख्त आदेश दिया गया है।
यह कदम दोनों देशों के बीच पहले से ही तनावपूर्ण संबंधों को और बिगाड़ सकता है। दक्षिण अफ्रीका लंबे समय से फिलिस्तीन का समर्थक रहा है और उसने गाजा में इजरायल पर नरसंहार का आरोप भी लगाया है। इस कार्रवाई के बाद दोनों देशों के बीच तनाव चरम पर पहुंच गया है।
इजरायली राजनयिक पर क्या हैं आरोप?
दक्षिण अफ्रीका के विदेश मंत्रालय के अनुसार, यह कार्रवाई इजरायली अधिकारियों के आधिकारिक सोशल मीडिया पोस्ट्स को लेकर की गई है। मंत्रालय ने आरोप लगाया कि इन पोस्ट्स में बार-बार दक्षिण अफ्रीकी राष्ट्रपति सिरिल रामाफोसा का अपमान किया गया। सिडमैन दूतावास में चार्ज डी’एफेयर्स के पद पर थे और देश में सबसे वरिष्ठ इजरायली राजनयिक थे।
इसके अलावा, मंत्रालय ने यह भी कहा कि इजरायली अधिकारियों ने अपनी यात्राओं के बारे में दक्षिण अफ्रीका को जानबूझकर सूचित नहीं किया। इसे “कूटनीतिक मानदंडों और प्रथाओं का अस्वीकार्य उल्लंघन” बताया गया है।
पहले से ही खराब हैं रिश्ते
दक्षिण अफ्रीका और इजरायल के बीच संबंध काफी समय से खराब चल रहे हैं। एरियल सिडमैन को 2023 में दक्षिण अफ्रीका तब भेजा गया था, जब इजरायल ने अपने राजदूत को वापस बुला लिया था।
दक्षिण अफ्रीका ने संयुक्त राष्ट्र की शीर्ष अदालत, अंतर्राष्ट्रीय न्यायालय (ICJ) में इजरायल पर गाजा में फिलिस्तीनियों के खिलाफ नरसंहार करने का आरोप लगाया था। इस मामले की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर काफी चर्चा हुई थी। इस ताजा घटनाक्रम ने दोनों देशों के बीच की खाई को और चौड़ा कर दिया है।





