IPAC पर ED की कार्रवाई से भड़के कांग्रेस सांसद विवेक तन्खा, मोदी सरकार पर साधा निशाना

विवेक तन्खा ने कहा कि अगर देश में फेडरलिज़्म को सफल बनाना है, तो केंद्र को राज्यों का और राज्यों को केंद्र का सम्मान करना पड़ेगा। अगर इस तरह के तमाशे चलते रहे, तो मान लीजिए कि फेडरलिज़्म पूरी तरह खत्म हो जाएगा।
Congress MP Vivek Tankha

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कांग्रेस के राज्यसभा सांसद और सीनियर एडवोकेट विवेक तन्खा का कहना है कि देश में स्थिति बेहद विचित्र हो गई है। फेडरलिज़्म लगभग टूट चुका है और फेडरल स्पिरिट को लगातार खत्म किया जा रहा है। संविधान के प्रति एक तरह की बेरुखी दिखाई दे रही है।

जबलपुर पहुंचे राज्यसभा सांसद विवेक तन्खा ने कहा कि चुनाव से ठीक तीन महीने पहले ईडी पश्चिम बंगाल पहुँच जाती है और वह भी किसके यहाँ (IPAC) के यहाँ, सवाल यह है कि IPAC कौन है? यही वह एजेंसी है जो पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु सहित कई राज्यों में चुनावी कैंपेन की रणनीति बनाती है। यही लोग कभी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बीजेपी के भी रणनीतिकार रह चुके हैं।

कांग्रेस सांसद ने सवाल उठाते हुए कहा, “मान लीजिए 2014 में मनमोहन सिंह की सरकार ने प्रशांत किशोर की एजेंसी पर इस तरह की रेड करवाई होती, तो बीजेपी क्या कहती और क्या करती। उन्होंने स्पष्ट कहा कि अगर लोकतंत्र में फ्री और फेयर इलेक्शन कराने हैं, तो इस तरह की रेड की राजनीति बंद करनी होगी। IPAC के साथ जो हुआ, वह गलत हुआ।

इस मामले को सुप्रीम कोर्ट और कलकत्ता हाईकोर्ट दोनों सुनेंगे

उन्होंने कहा कि इसका रिएक्शन भी सामने आया। ममता बनर्जी इसे छोड़ने वाली नहीं थीं, वह अपने डीजीपी के साथ उस जगह पहुँचीं जहाँ ईडी की टीम मौजूद थी। अंदर क्या हुआ, यह मुझे नहीं मालूम, लेकिन उसके बाद ईडी के अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज हो गई। स्वाभाविक रूप से सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में हस्तक्षेप किया और कार्रवाई पर एक तरह से रोक भी लगाई। अब इस मामले को सुप्रीम कोर्ट और कलकत्ता हाईकोर्ट दोनों सुनेंगे।

…तो फेडरलिज़्म पूरी तरह खत्म हो जाएगा

विवेक तन्खा ने कहा कि अगर देश में फेडरलिज़्म को सफल बनाना है, तो केंद्र को राज्यों का और राज्यों को केंद्र का सम्मान करना पड़ेगा। अगर इस तरह के तमाशे चलते रहे, तो मान लीजिए कि फेडरलिज़्म पूरी तरह खत्म हो जाएगा। राहुल गांधी के इंदौर दौरे पर विवेक तन्खा ने कहा कि मैं राहुल गांधी के साथ जा रहा हूँ। आज मुझे जीतू पटवारी का फोन आया था। भाजपा के आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि भाजपा कह रही है कि कांग्रेस मृतकों पर राजनीति कर रही है यह पूरी तरह गलत है। राहुल गांधी राजनीति करने नहीं, बल्कि देश का ध्यान आकर्षित करने आ रहे हैं।

संदीप कुमार की रिपोर्ट 

Atul Saxena
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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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