जबलपुर में खाद्य सुरक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सिहोरा जिला कोर्ट के पीछे संचालित हो रही पानी की फैक्ट्री पर छापा मारते हुए बड़ी संख्या में ना सिर्फ पानी के पाउच जब्त किए है, बल्कि उस मशीन को भी सील कर दिया है, जिससे पाउच में पानी भरा जा रहा था। खाद्य सुरक्षा विभाग ने फैक्ट्री के संचालक के खिलाफ भी कार्रवाई की है। बता दे कि स्थानीय लोगों की शिकायत पर टीम ने छापा मारा है।
दरअसल जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी देवेंद्र दुबे को आज सुबह जानकारी मिली कि सिविल कोर्ट के पास मयंक त्रिपाठी दो मंजिला मकान पर पानी के पाउच की फैक्ट्री चला रहा है। दो माह पहले मौके पर गंदगी और भारतीय खाद्य सरंक्षण मानक प्राधिकरण की गाइडलाइन पर खरा नहीं उतरने पर बंद कर दिया था, उसके बाद भी यह चोरी छिपे फैक्ट्री को खोलकर काम कर रहा था।
खुले आसमान नें हाई रिस्क में तैयार हो रहे थे पानी पाउच
खाद्य विभाग की टीम ने मौके पर जाकर देखा तो ऊपर आरओ की मशीन लगी हुई थी, जबकि नीचे आंगन में पानी के पाउच पैक किए जा रहे थे, जहां पर गंदगी पसरी हुई थी। खाद्य अधिकारी का कहना है कि खुले आसमान नें हाई रिस्क से पानी के पाउच तैयार करना और फिर उसे बाजार में बेचना गंभीर अपराध है। यही वजह है कि पुलिस-प्रशासन के साथ मिलकर कार्रवाई की और मशीन को सील कर दिया।
रात को या फिर छुट्टी वाले दिन फैक्ट्री खोलकर पानी के तैयार किए जाते थे पाउच
खाद्य सुरक्षा अधिकारी का कहना है कि जांच के दौरान यह पता चला कि आरोपी मंयक त्रिपाठी ने रीवा के एक शख्स से पानी पाउच का प्लास्टिक रोल खरीदकर लाया था। उन्होंने बताया कि मंयक 1 साल से फैक्ट्री संचालित कर रहा है। दो माह पहले ही खाद्य विभाग ने रजिस्टेशन केंसिल कर दिया था, जिसके बाद से अक्सर रात को या फिर छुट्टी वाले दिन फैक्ट्री खोलकर पानी के पाउच तैयार किए जाते थे। कार्रवाई के दौरान जिला खाद्य अधिकारी देवेंद्र दुबे के साथ खाद्य सुरक्षा अधिकारी, संजय गुप्ता भी मौजूद रहे।






