मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो (CBN) राजस्थान ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। CBN की टीम ने मंदसौर जिले के दलोदा तहसील अंतर्गत आने वाले गांव लसुडिया इलाके में एक गुप्त सिंथेटिक ड्रग (मेफेड्रोन) लैब का पर्दाफाश किया है।
जानकारी के अनुसार, CBN को खुफिया सूचना मिली थी कि गांव के बाहरी इलाके में खेत पर बने एक कमरे और उसके आसपास गैर-कानूनी तरीके से मेफेड्रोन (Mephedrone) बनाने का काम चल रहा है। इस पक्की सूचना के आधार पर 8 मई को CBN चित्तौड़गढ़-I, II और III डिवीजनों की एक जॉइंट टीम ने दबिश दी। इलाके की संवेदनशीलता को देखते हुए इस बड़े ऑपरेशन में CBN जावरा निवारक सेल (मध्य प्रदेश यूनिट) की भी मदद ली गई।
कमरे में मिली लैब, कैमिकल और उपकरण
टीम ने जब टारगेट की गई जगह की अच्छी तरह से तलाशी ली, तो वहां छिपा हुआ ड्रग्स बनाने का पूरा सेटअप मिला, जिसे टीम ने नष्ट कर दिया। इस पूरी कार्रवाई के दौरान टीम ने मौके से भारी मात्रा में अवैध माल जब्त किया है जिसमें
21.189 किलो मेफेड्रोन, 0.487 किलो अफीम और 30.800 लीटर (HCL और अन्य तरल पदार्थ) केमिकल्स, और 10 बैग जिसमें प्रयोगशाला और गैर-कानूनी ड्रग बनाने में इस्तेमाल होने वाले अलग-अलग उपकरण शामिल हैं।
पकड़ी गई MD की कीमत करीब 40 करोड़ रुपये
CBN अधिकारियों के मुताबिक पकड़ी गई 21 किलो से अधिक एमडी की अंतर्राष्ट्रीय कीमत करीब 40 करोड रुपए है, मौके से इस अवैध काम में शामिल दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। दोनों आरोपियों के खिलाफ नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस (NDPS) एक्ट, 1985 के प्रावधानों के तहत कार्रवाई की गई है।
किन किन राज्यों में फैला नेटवर्क CBN कर रही सर्च
इतनी बड़ी मात्रा में सिंथेटिक ड्रग्स की जब्ती और गुप्त लैब को खत्म करने को CBN एक बड़ी कामयाबी मान रहा है। फिलहाल इस बड़े ड्रग्स सिंडिकेट के बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंकेज, प्रीकर्सर केमिकल्स के सोर्स, फाइनेंशियल ट्रेल और अन्य राज्यों से जुड़े संभावित कनेक्शन होने की बात सामने आ रही है।






