खरगोन जिले में लगातार भ्रष्टाचार के मामले सामने आ रहे हैं पिछले दिनों PM Awas Yojana में ही रिश्वत लेने का एक मामला सामने आया था अब आज एक बार फिर एस अहि मामला सामने आया है, लोकायुक्त पुलिस इंदौर की टीम ने आवेदक की शिकायत पर सरपंच पति और ग्रामपंचायत सचिव को रिश्वत लेते गिरफ्तार किया है।
खरगोन में एक बार फिर रिश्वतखोर शासकीय सेवक पकड़ में आया है, उसके साथ महिला सरपंच का पति भी है, लोकायुक्त पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धाराओं में मामला दर्ज कर जाँच में ले लिया है।
लोकायुक्त एसपी इंदौर कार्यालय से मिली जानकारी के मुताबिक ग्राम भोगवाढा तहसील सनावद जिला खरगोन की रहने वाली कविता यादव ने एक शिकायती आवेदन दिया था जिसमें सरपंच पति और ग्राम पंचायत सचिव पर सिह्वत मांगे जाने के आरोप लगाये गए थे।
आवेदन में कविता यादव ने बताया कि उसे दो साल पहले शासन से पीएम आवास योजना में कुटीर निर्माण के लिए 1, 25, 000/- रुपये स्वीकृत हुए थे जो चार किस्तों में आने थे, पहली क़िस्त 25,000/- रुपये नवम्बर 2025 में और दूसरी क़िस्त 40,000/- रुपये मार्च 2026 में उसे मिल चुकी है।
पीएम आवास योजना की स्वीकृत राशि जारी करने मांगी रिश्वत
अब तीसरी क़िस्त 40,000/- रुपये और चौथी क़िस्त 15,000/- रुपये कुल 65,000/- रुपये जारी करने के बदले ग्राम पंचायत सचिव जितेन्द्र सिंह पंवार और सरपंच पति चिंताराम भोमारे 8000/- रुपये रिश्वत मांग रहे हैं। शिकायत मिलने के बाद इसका सत्यापन किया गया और प्रमाण मिलने के बाद ट्रैप दल गठित किया गया।
8000 रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़े गए आरोपी
लोकायुक्त पुलिस इंदौर की टीम खरगोन जिले की सनावद तहसील की ग्राम पंचायत भोमवाडा पहुंची और वहां उसने सचिव जितेन्द्र सिंह पंवार की उपस्थिति में सरपंच पति चिंताराम भोमारे को आवेदिका से 8,000/- रुपये रिश्वत राशि लेते हुये रंगे हाथों पकड़ लिया।
17 अप्रैल को सहायक राजस्व अधिकारी गिरफ्तार हुआ था
उल्लेखनीय है कि इसी महीने की 17 तारीख को इंदौर लोकायुक्त पुलिस की टीम ने नगर परिषद् भीकनगांव में पदस्थ सहायक राजस्व निरीक्षक मयंक जैन को 15 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया था, सहायक राजस्व निरीक्षक मयंक जैन आवेदक सिराज पठान की पत्नी आयशा पठान को पीएम आवास योजना में स्वीकृत कुटीर के लिए स्वीकृत राशि की दूसरी क़िस्त 1 लाख रुपये जारी अकरने के बदले रिश्वत ले रहा था।








