भोजन के बाद मीठा खाने की आदत, जानिए सेहत पर करती है क्या असर

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Habit of eating sweets after meals : मीठे के शौकीन बस मौका तलाशते हैं इसे खाने का। खासकर भोजन के बाद मीठा खाने का अलग ही आनंद होता है। जिन्हें ये शौक है वो जानते हैं कि लंच या डिनर के बाद थोड़ी सी मिठाई, हलवा, चिक्की, गजक, पुडिंग, चॉकलेट या जो भी पसंद हो वो खाने से किस तृप्ति का अहसास होता है। कई लोगों को चाय या कॉफी पीने की भी आदत होती है। और फिर लगता है जैसे अब भोजन पूर्ण हुआ। लेकिन खाने के बाद मीठे की आदत सेहत के लिए कैसी होती है।

मीठा खाएं लेकिन हेल्दी खाएं

हेल्थ एक्सपर्ट के मुताबिक अगर आप खाने के बाद कुछ हल्का, स्वास्थ्यवर्धक और सुपाच्य मीठा खाते हैं तो इसका कोई नुकसान नहीं है। लेकिन ज्यादा कैलोरी वाली मिठाई आपकी पाचन प्रक्रिया को धीमा कर सकती है। बहुत ज्यादा मीठी चीजें खाने से एसिडिटी हो सकती है। वहीं ये मोटापे का एक बड़ा कारण,  ये बात तो सभी जानते हैं। आयुर्वेद में भोजन में सभी रस शामिल करने की बात कही गई है और मीठा भी भोजन के दौरान ही किया जाता है। भोजन के बाद मीठा खाने की कोई बात नहीं कही गई है।

घर पर बनी मिठाई खाना सेहत के लिए फायदेमंद

मीठी चीजों में कार्बोहाइड्रेट पाया जाता है जो पाचन प्रक्रिया को धीमा कर देता है। वहीं मीठा खाने से सेरोटोनिन नाम के हॉर्मोन का स्तर बढ़ता है जो कि न्यूरोट्रांसमीटर का काम करता है। इसी कारण हम मीठा खाते हैं तो खुशी का अहसास होता है। इसलिए अगर भोजन के बाद मीठा खाने की आदत है तो कोशिश करनी चाहिए कि घर पर ही तिल, मूंगफली, गुड़, शहद आदि से बनी हुई मिठाई का सेवन किया जाए। इससे कैलोरी भी नियंत्रण में रहेगी और मीठे की क्रेविंग भी पूरी हो जाएगी। सिर्फ भोजन के बाद ही नहीं, यूं भी मीठा खाने को लेकर थोड़ा नियंत्रण बरतना चाहिए क्योंकि जरुरत से ज्यादा मीठा शरीर के लिए काफी हानिकारक होता है। 

(डिस्क्लेमर : ये लेख विभिन्न स्त्रोतों से प्राप्त जानकारियों पर आधारित है। हम इसकी पुष्टि नहीं करते हैं।)

Shruty Kushwaha
लेखक के बारे में
Shruty Kushwaha

पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J.), 2001. 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल और लाइव इंडिया मुंबई में कार्य.

2001 में माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय भोपाल से पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J, Masters of Journalism)। 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल, लाइव इंडिया मुंबई में कार्य अनुभव। साहित्य पठन-पाठन में विशेष रूचि। View all posts by Shruty Kushwaha →
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