राज्य के लाखों संविदाकर्मियों के लिए अच्छी खबर, मिलेगा एनपीएस का लाभ, वित्त विभाग ने शुरू की तैयारी

NPS एक स्वैच्छिक, अंशदान सेवानिवृत्ति बचत योजना है। इसके तहत प्रत्येक हितग्राही “सेंट्रल रिकॉर्ड कीपिंग एजेंसी” (CRA) के साथ एक खाता खोलता है, जिसकी पहचान एक PRAN नंबर के माध्यम से की जाती है।
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National Pension Scheme: मध्य प्रदेश के 1.50 लाख संविदाकर्मियों के लिए अच्छी खबर है। खबर है कि लोकसभा चुनाव के बाद संविदाकर्मियों को भी राष्ट्रीय पेंशन योजना के दायरे में शामिल जाएगा। इसके लिए वित्त विभाग ने तैयारियां शुरू कर दी है, ताकी स्कूल शिक्षा, महिला बाल विकास, पंचायत एवं ग्रामीण विकास समेत सभी विभागों में अनिवार्य रूप राष्ट्रीय पेंशन योजना को लागू किया जा सके।

वित्त विभाग ने शुरू की तैयारी

दरअसल, वर्तमान में प्रदेश में कई विभागों के संविदाकर्मी कर्मचारी राष्ट्रीय पेंशन योजना के बाहर है और कईयों का PF (भविष्य निधि) कटता है, ऐसे में सभी विभागों में अनिवार्य रूप राष्ट्रीय पेंशन योजना को लागू करने के लिए वित्त विभाग ने तैयारी शुरू कर दी है। हालांकि विधानसभा चुनाव के पहले तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने इसका आश्वासन भी दिया था लेकिन लोकसभा चुनाव की आचार संहिता लगने के कारण आदेश जारी नहीं हो पाए थे लेकिन अब लोकसभा चुनाव के नतीजों के बाद वित्त विभाग सभी संविदा कर्मचारियों को राष्ट्रीय पेंशन योजना के दायरे में लाने की तैयारी कर रहा है।

क्या है एनपीएस से लाभ

  • NPS एक स्वैच्छिक, अंशदान सेवानिवृत्ति बचत योजना है। यह हितग्राही के कामकाजी जीवन के दौरान बचत की प्रवृत्ति को सक्षम करने के लिए बनाई गई है।
  • राष्ट्रीय पेंशन योजना के तहत, प्रत्येक हितग्राही “सेंट्रल रिकॉर्ड कीपिंग एजेंसी” (CRA) के साथ एक खाता खोलता है, जिसकी पहचान एक PRAN नंबर के माध्यम से की जाती है।
  • NPS एक कंट्रीब्यूटरी स्कीम है, जिसमें कर्मचारियों को अपने वेतन का 10% हिस्सा देना होता है। सरकार कर्मचारी के NPS खाते में 14% भाग डालती है।
  • NPS के तहत सेवानिवृत्ति पर पेंशन पाने के लिए NPS फंड का 40 फीसदी निवेश करना होता है। सेवानिवृत्ति के बाद निश्चित पेंशन की गारंटी नहीं होती।
  • NPS शेयर बाजार पर आधारित है। इसमें महंगाई भत्ते का प्रावधान शामिल नहीं है।NPS में सेवा के दौरान कर्मचारी की मृत्यु होने पर उनके परिजनों को कुल वेतन का 50% पेंशन के तौर पर देने का प्रावधान है।
  • रिटायरमेंट पर शेयर बाजार के अनुसार जो भी पैसा मिलेगा,आपको उसपर टैक्स देना होता है।
  • NPS में रिटायरमेंट के समय ग्रेच्युटी का कोई स्थायी प्रावधान नहीं है, 6 महीने के उपरांत मिलने वाला महंगाई भत्ता (DA) लागू नहीं होता है।

पिछले साल पूर्व सीएम ने की थी घोषणा

बता दे कि बीते साल जुलाई में पूर्व सीएम शिवराज सिंह चौहान ने ऐलान किया था कि संविदा कर्मचारियों को भी नेशनल पेंशन स्कीम का लाभ दिया जाएगा। वही इन कर्मचारियों को स्वास्थ्य बीमा योजना, अनुकम्पा नियुक्ति, रिटायरमेंट पर ग्रेच्युटी, नियमित पदों पर भर्ती में 50% आरक्षण, नियमित कर्मचारियों की तरह अवकाश, मातृत्व अवकाश का लाभ भी दिया जाएगा। संविदाकर्मियों के ऊपर लगे हुए केस वापस होंगे और काटा हुआ वेतन दिया भी जाएगा। इन अब 90 की जगह अब 100% वेतन देने के साथ संविदा के हर साल रिन्यूवल की प्रक्रिया भी समाप्त होगी।

Pooja Khodani
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12 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया में.

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