एमपी विधानसभा चुनाव 2023 की अलग तस्वीर, गधे पर बैठकर नामांकन फॉर्म जमा करने पहुंचा प्रत्याशी, बताई ये वजह

MP Election 2023

MP Election 2023 : मप्र में विधानसभा चुनाव चल रहे हैं, 17 नवंबर को मतदान होगा, इस समय प्रत्याशियों के नामांकन फॉर्म भरे जाने की प्रक्रिया चल रही है, ज्यादातर प्रत्याशी ढोल नगाड़ों के साथ फूलमालाओं से लदे हुए समर्थकों की भीड़ के साथ नामांकन फॉर्म भरने जाते हैं लेकिन बुरहानपुर से जो आज एक तस्वीर आई उसें सभी चौंका दिया है, यहाँ एक निर्दलीय प्रत्याशी गधे पर बैठकर नामांकन फॉर्म जमा करने पहुंचे।

लोकतंत्र के महाकुंभ में अब अलग अलग रंग और तस्वीरें सामने आने लगी हैं, मतदाताओं को रिझाने के लिए तरह तरह के प्रयास शुरू हो गए हैं, नामांकन प्रक्रिया को भी नेताओं ने एक उत्सव का रूप दे दिया है, नाचते, गाते, खुशियाँ मनाते, एडवांस में ही विक्ट्री साइन दिखाते नेता रिटर्निंग ऑफिसर के कार्यालय पहुंचकर नामांकन फॉर्म जमा कर रहे है।

इस प्रत्याशी का अलग अंदाज, गधे की सवारी कर भरा नामांकन फॉर्म 

इस सबके बीच बुरहानपुर विधानसभा सीट से एक खास तस्वीर सामने आई, यहाँ भाजपा से टिकट की दावेदारी करने वाले ठाकुर प्रयांक सिंह ने आज अलग अंदाज में अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। उन्होंने निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में नामांकन फॉर्म दाखिल किया लेकिन उन्होंने इसके लिए जो तरीका अपनाया वो अलग था, प्रयांक सिंह गधे पर बैठकर फॉर्म भरने पहुंचे।

बोले – नेताओं ने मतदाता को गधा समझ रखा है 

मीडिया ने जब उनसे इस बारे में बात की तो उन्होंने कहा कि नेताओं ने मतदाताओं को गधा समझ रखा है नेताओं द्वारा बड़े बड़े बंगले बनाये जा रहे हैं वहीं मतदाता समस्याओं से जूझ रहा है, इसलिए आज मैं गधे पर सवार होकर आया हूँ । उन्होंने भाजपा और कांग्रेस नेताओं पर आरोप लगाते हुए कहा कि नेताओं ने अपना विकास किया है अगर में चुनाव जीतता हूँ तो नेताओं के यहां छापे मारे जाएंगे, 40 -50 साल से इन्होंने इतनी सम्पति कहा से कैसे अर्जित की ये जनता के सामने आना चाहिए।

प्रयांक की इस यूनिक स्टाइल की चर्चा सियासी गलियारों से लेकर  सोशल मीडिया पर 

बहरहाल जीत हार तो मतदाता के वोट और प्रत्याशी के भाग्य पर निर्भर है लेकिन गधे की सवारी कर मप्र विधानसभा चुनाव के लिए नामांकन भरने वाले ठाकुर प्रयांक सिंह की चर्चा इस समय चारों तरफ हो रही है, लोग उनकी यूनिक स्टाइल की चटखारे लेकर चर्चा कर रहे हैं।

बुरहानपुर से शेख रईस की रिपोर्ट 

Atul Saxena
लेखक के बारे में
Atul Saxena

पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
Follow Us :GoogleNews