Gwalior News : चौकीदार की हत्या का खुलासा, फैक्ट्री में ही पहले काम करते थे आरोपी

Gwalior News : चौकीदार की हत्या का खुलासा, फैक्ट्री में ही पहले काम करते थे आरोपी

ग्वालियर, अतुल सक्सेना। ग्वालियर पुलिस (Gwalior Police) ने गिरवाई थाना क्षेत्र की एक फैक्ट्री के चौकीदार की हत्या (murder of watchman) का खुलासा कर दिया है। पुलिस के हत्या करने वाले दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी फैक्ट्री में पहले काम करते थे और चोरी के इरादे से फैक्ट्री में दीवार फांद कर घुसे थे।

एसपी अमित सांघी ने पत्रकारों को जानकारी देते हुए बताया कि सब मर्सिबल पंप बनाने वाली फैक्ट्री के चौकीदार माणिक जैन की सोमवार को हुई हत्या के बाद जब पुलिस ने जांच शुरू की तो मृतक के गले और सिर पर धारदार हथियार से चोट के निशान थे जब निरीक्षण किया गया तो प्रथम दृष्ट्या ही लूट या चोरी के इरादे से घटना होना प्रतीत हुआ। क्योंकि फैक्ट्री पूरी ड्रॉवर, अलमारी का सामान बाहर निकला पड़ा था।

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उसके बाद वरिष्ठ अधिकारियों के नेतृत्व में अलग अलग टीमें बनाई गई और जब बारीकी से तफ्तीश की तो मालूम चला कि आरोपी अपने साथ डीवीआर भी लेकर गया है। फिर आसपास के सीसीटीवी तलाशे गए, फैक्ट्री में काम करने वाले और छोड़कर जा चुके कर्मचारियों के प्रोफाइल चैक किये तो एक संदेही दिखाई दिया। उसे जब गिरफ्तार किया तो उसने अपने साथी के साथ चोरी और चौकीदार की हत्या करना स्वीकार कर लिया।

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पुलिस ने बताया कि आरोपियों को जब अलमारियों में कैश नहीं मिला तो उसने फैक्ट्री में रखा लेपटॉप उठा लिया चिंकी आरोपी छह महीने पहले तक इसी फैक्ट्री में काम करता था तो चौकीदार ने उसे पहचान लिया इसके बाद आरोपी ने साथी के साथ मिलकर उसकी हत्या कर दी और पहचाने जाने के डर से सीसीटीवी की डीवीआर लेकर फरार  हो गया। एसपी ने 24 घंटे के अंदर ही हत्या का खुलासा करने वाली टीम को 10,000 रुपये का नगद पुरस्कार देने की घोषणा भी की है।

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Atul Saxena
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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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