Jabalpur News : तेंदुए का शिकार करने वाले आरोपी वन विभाग की गिरफ्त में

Jabalpur News : तेंदुए का शिकार करने वाले आरोपी वन विभाग की गिरफ्त में

जबलपुर, संदीप कुमार। तेंदुए का शिकार (Leopard hunting) करने वाले तीन आरोपियों को जबलपुर वन विभाग (Forest Department Jabalpur) की टीम ने गिरफ्तार किया है।  आरोपी शिकारियों ने शिकार की बात स्वीकार की है। वन विभाग ने आरोपी शिकारियों को न्यायालय में पेश किया जहाँ से उन्हें जेल भेज दिया गया।

जबलपुर के टेमर भीटा गांव के पास शनिवार शाम को 4 साल के एक नर तेंदुए का शव वन विभाग को मिला था।  बताया जा रहा है कि तार का फंदा लगाकर तेंदुए का शिकार किया गया था इस जानकारी के बाद मौके पर पहुंची वन विभाग की टीम ने नर तेंदुए को पोस्टमार्टम के लिए वेटरनरी कॉलेज लेकर आई जहां जांच में पाया गया कि तेंदुए का शिकार किया गया है यह जानकारी लगने के बाद वन विभाग की टीम ने डॉग स्कॉट की मदद से तेंदुए का शिकार करने वाले शिकारियों की तलाश शुरू कर दी।

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आरोपियों की तलश में जुटे जबलपुर वन विभाग के अमले ने टेमर भीटा गांव में रहने वाले तीन शिकारियों को गिरफ्तार कर लिया । इन शिकारियों ने एक निजी स्कूल की दीवार के किनारे तार का फंदा लगाया हुआ था, जबलपुर वन विभाग की टीम ने शिकारी मुन्ना बैगा,प्रमोद बैगा, और छोटू ठाकुर को गिरफ्तार किया है, तीनों ही शिकारियों ने तार का फंदा लगाने की बात भी कबूली है, पूछताछ में वन विभाग की टीम को उन्होंने बताया कि खरगोश,जंगली सूअर और कई अन्य छोटे जानवरों का शिकार करने के लिए वह तार का फंदा लगाते थे और इसी तार के फंदे में शनिवार को तेंदुआ जा फसा और तार लगने के चलते उसकी मौत हो गई।

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फिलहाल जबलपुर वन विभाग की टीम ने तीनों ही शिकारियों को गिरफ्तार कर आज न्यायालय में पेश किया जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया है।

Atul Saxena
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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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