शिवसेना (यूबीटी) के नेता और विधायक आदित्य ठाकरे ने मंगलवार को महाराष्ट्र सरकार पर कई मोर्चों पर एक साथ हमला बोला। विधानसभा में उन्होंने जहां मुंबई के गंभीर वायु प्रदूषण का मुद्दा उठाया, वहीं बाहर उन्होंने राज्य की कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार को कठघरे में खड़ा कर दिया। उन्होंने कांग्रेस विधायक को मिली धमकी का जिक्र करते हुए सीधे गृह मंत्री की मौजूदगी पर ही सवालिया निशान लगा दिया।
आदित्य ठाकरे का यह हमलावर रुख ऐसे समय में सामने आया है जब कांग्रेस विधायक साजिद खान पठान को लॉरेंस बिश्नोई गैंग से धमकी मिलने की खबर आई है। इस घटना ने राज्य में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चिंताएं बढ़ा दी हैं।
बिगड़ती कानून-व्यवस्था पर सरकार को घेरा
ठाकरे ने राज्य में बढ़ती आपराधिक घटनाओं पर गहरी चिंता व्यक्त की। कांग्रेस विधायक को मिली धमकी का हवाला देते हुए उन्होंने सरकार की कार्यप्रणाली पर तीखे सवाल दागे। उन्होंने पूछा कि क्या महाराष्ट्र में कोई गृह मंत्री है भी या वह सिर्फ राजनीति करने में व्यस्त हैं?
“क्या महाराष्ट्र में गृह मंत्री हैं या नहीं? या वे सिर्फ राजनीति में व्यस्त हैं?” – आदित्य ठाकरे
उन्होंने याद दिलाया कि यह कोई अकेली घटना नहीं है। इससे पहले भी एक विधायक पर गोली चलाई गई, कई मशहूर हस्तियों को धमकी भरे फोन आए और राज्य में ड्रग्स का कारोबार तेजी से फैल रहा है। ठाकरे ने मांग की कि सरकार को प्रदेश की कानून-व्यवस्था की स्थिति पर स्पष्ट जवाब देना चाहिए।
मुंबई का प्रदूषण और BMC की उदासीनता
आदित्य ठाकरे ने विधानसभा के भीतर मुंबई में जानलेवा स्तर पर पहुंच चुके वायु प्रदूषण का मुद्दा भी जोर-शोर से उठाया। उन्होंने कहा कि बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) को इस समस्या से निपटने के लिए ठोस और प्रभावी कदम उठाने की तत्काल आवश्यकता है, लेकिन जमीन पर कोई कार्रवाई नहीं दिख रही है।
उन्होंने कहा, “मुंबई के लोग लगातार प्रदूषण की मार झेल रहे हैं। उन्हें गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है, लेकिन बीएमसी प्रदूषण पर लगाम लगाने के लिए कोई भी कदम उठाने में विफल रही है।”
राज्यसभा सीट पर दावा बरकरार
इन मुद्दों के अलावा, आदित्य ठाकरे ने आगामी राज्यसभा चुनाव को लेकर भी अपनी पार्टी का रुख स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि महाविकास आघाड़ी (MVA) में एक बड़ी पार्टी होने के नाते राज्यसभा सीट पर शिवसेना (यूबीटी) का दावा बरकरार रहेगा। उन्होंने जोर देकर कहा कि उनकी पार्टी इंडिया गठबंधन की एक स्थिर और प्रतिबद्ध सहयोगी है।






