हैदराबाद: AIMIM के अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने शुक्रवार को हैदराबाद की ऐतिहासिक मस्जिद-ए-चौक में आयोजित ‘जलसा-ए-यौम-उल-कुरान’ कार्यक्रम में केंद्र सरकार और भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर जमकर निशाना साधा। एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इजराइल दौरे से लेकर देश में मुसलमानों के खिलाफ हो रहे कथित हेट क्राइम तक, कई गंभीर आरोप लगाए।
ओवैसी ने अपने भाषण में कांग्रेस को भी नहीं बख्शा और आरोप लगाया कि मुसलमानों के मुद्दों पर दोनों राष्ट्रीय दलों का रवैया एक जैसा है। उन्होंने तेलंगाना में होने वाले वोटर लिस्ट रिवीजन को लेकर भी समुदाय को आगाह किया।
पीएम के इजराइल दौरे और विदेश नीति पर सवाल
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इजराइल दौरे की कड़ी आलोचना करते हुए ओवैसी ने कहा कि भारत सरकार उन ताकतों के साथ खड़ी हो रही है जो फिलिस्तीनी मुसलमानों पर अत्याचार के लिए जिम्मेदार हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार देश में अल्पसंख्यकों पर हो रहे हमलों पर तो चुप है, लेकिन बाहर जाकर ऐसे देशों से रिश्ते मजबूत कर रही है।
हेट क्राइम और धार्मिक स्थलों पर हमले का आरोप
ओवैसी ने वेमुलावाड़ा दरगाह को गिराए जाने की घटना की भी कड़ी निंदा की। उन्होंने इसे धार्मिक स्वतंत्रता पर एक सोची-समझी साजिश और जानबूझकर किया गया हमला बताया।
“यह एक खतरनाक संकेत है कि प्रशासन की आड़ में अल्पसंख्यकों के पूजा स्थलों को चुन-चुनकर निशाना बनाया जा रहा है। सत्ताधारी सरकार अल्पसंख्यकों के खिलाफ डर, नफरत और सजा से छूट का माहौल बना रही है।” — असदुद्दीन ओवैसी
उन्होंने इस बात पर भी गहरी चिंता व्यक्त की कि रमजान के पवित्र महीने में भी देश भर में मुसलमानों के खिलाफ हेट क्राइम, मॉब लिंचिंग और टारगेटेड हमलों की घटनाओं में खतरनाक रूप से वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा कि देश के कई हिस्सों में अल्पसंख्यक खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं।
वोटर लिस्ट रिवीजन (SIR) को लेकर चेतावनी
तेलंगाना में जल्द शुरू होने वाले वोटर लिस्ट के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) को लेकर भी ओवैसी ने लोगों को आगाह किया। उन्होंने बीजेपी पर आरोप लगाते हुए कहा कि SIR की आड़ में मतदाता सूची से लोगों के नाम हटाने की साजिश की जा रही है। उन्होंने लोगों से अपील की, “जब स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन की बात हो तो आलस्य न करें। आप सभी को तुरंत इसके लिए तैयार हो जाना चाहिए।” ओवैसी ने यह भी आश्वासन दिया कि उनकी पार्टी यह सुनिश्चित करने के लिए हर संभव कदम उठाएगी कि यह प्रक्रिया बिना किसी परेशानी के पूरी हो।
गौरतलब है कि तेलंगाना में वोटर लिस्ट का स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) अप्रैल में शुरू होने वाला है। इसके तहत हैदराबाद समेत कई जिलों में बूथ-लेवल अधिकारी (BLO) 2002 की मतदाता सूची से नाम जोड़ने की प्रक्रिया शुरू कर चुके हैं, जिसे ‘प्रोजेनी मैपिंग’ भी कहा जाता है।





