
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा ने दावा किया कि असम पुलिस की विशेष जांच टीम (SIT) ने एक बड़े षड्यंत्र का खुलासा किया है, जो भारत की संप्रभुता को कमजोर करने की कोशिश से जुड़ा है। इस जांच में असम कांग्रेस अध्यक्ष गौरव गोगोई और उनके परिवार के कथित पाकिस्तानी संबंधों की जांच की गई। सरमा ने बुधवार को बताया कि एसआईटी ने अपनी रिपोर्ट में चौंकाने वाले तथ्य पेश किए हैं, जिसमें एक पाकिस्तानी नागरिक अली तौकीर शेख की संलिप्तता का जिक्र है।
मुख्यमंत्री ने अपने एक्स पोस्ट में कहा कि जांच में एक ब्रिटिश नागरिक, जो एक भारतीय सांसद की पत्नी हैं, का भी इस साजिश में शामिल होने का सबूत मिला है। यह जांच 17 फरवरी 2025 को असम मंत्रिमंडल द्वारा गठित एसआईटी द्वारा शुरू की गई थी, जिसका नेतृत्व विशेष डीजीपी (सीआईडी) मुन्ना प्रसाद गुप्ता ने किया। सरमा ने कहा कि यह जांच पाकिस्तानी नागरिक अली तौकीर शेख और उनके सहयोगियों की भारत विरोधी गतिविधियों पर केंद्रित थी।
पाकिस्तान यात्रा को बनाया सुगम
एसआईटी ने अपनी रिपोर्ट में यह भी खुलासा किया कि पाकिस्तान सरकार के गृह मंत्रालय ने असम के एक सांसद की पाकिस्तान यात्रा को सुगम बनाया। सरमा ने कहा कि असम सरकार इस रिपोर्ट का विस्तार से अध्ययन करेगी और इसे राज्य मंत्रिमंडल के सामने रखा जाएगा। इसके बाद रिपोर्ट के विवरण को सार्वजनिक किया जाएगा।
‘सस्ती बॉलीवुड फिल्म की तरह…’
गौरव गोगोई ने इन आरोपों को खारिज करते हुए इसे एक सस्ती बॉलीवुड फिल्म की तरह बताया और कहा कि यह असम की जनता को गुमराह करने की कोशिश है। उन्होंने सरमा पर उनके परिवार, पत्नी और बच्चों को राजनीति में घसीटने का आरोप लगाया।
