नई दिल्ली: दिल्ली सरकार ने अपनी पहली वर्षगांठ के अवसर पर राजधानी की बेटियों के लिए एक बड़ी घोषणा की है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने ‘लखपति बिटिया योजना’ नाम से एक नई स्कीम का ऐलान किया है, जिसका उद्देश्य बेटियों की शिक्षा को बढ़ावा देना और उनके भविष्य को आर्थिक रूप से सुरक्षित करना है। इस नई योजना के लागू होने के साथ ही दशकों पुरानी ‘लाडली योजना’ को समाप्त कर दिया जाएगा।
नई योजना के तहत, दिल्ली में जन्म लेने वाली बेटियों को उनकी स्नातक की पढ़ाई पूरी होने पर सरकार की ओर से 1 लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। यह राशि सीधे लाभार्थी के खाते में जाएगी। सरकार का मानना है कि इससे परिवारों पर बेटी की पढ़ाई का बोझ कम होगा और वे उच्च शिक्षा के लिए प्रोत्साहित होंगे।
किसे और कैसे मिलेगा योजना का लाभ?
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि यह योजना विशेष रूप से आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए बनाई गई है। इसके लिए कुछ महत्वपूर्ण नियम और शर्तें तय की गई हैं:
पात्रता के नियम:
- एक परिवार की अधिकतम दो बेटियों को ही इस योजना का लाभ मिल सकेगा।
- केवल वही परिवार पात्र होंगे जिनकी वार्षिक आय 1 लाख 20 हजार रुपये या उससे कम है।
- सबसे महत्वपूर्ण शर्त यह है कि अगर बेटी स्नातक की पढ़ाई पूरी करने से पहले शादी कर लेती है, तो उसे योजना के तहत कोई भी राशि नहीं मिलेगी।
इस योजना के तहत, बेटी के जन्म से लेकर स्नातक तक की पढ़ाई के दौरान अलग-अलग चरणों में कुल 56,000 रुपये दिए जाएंगे। पढ़ाई पूरी होने के बाद जब योजना मैच्योर होगी, तब एक लाख रुपये की अंतिम राशि दी जाएगी। सरकार ने इस महत्वाकांक्षी योजना के लिए 160 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया है।
पुरानी लाडली योजना क्यों हो रही है बंद?
मुख्यमंत्री ने पुरानी लाडली योजना को बंद करने के कारणों पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि योजना का क्रियान्वयन ठीक से नहीं हो पा रहा था, जिसके कारण हजारों लाभार्थी बच्चियों तक पैसा नहीं पहुंच पाया।
“लाडली योजना अगर ठीक से लागू की गई होती तो बहुत अच्छा होता। इस योजना के तहत बच्चियों को अलग-अलग समय पर 36 हजार रुपये दिए जाते थे… लेकिन कुल 1 लाख 86 हजार रुपये तक का पैसा लाडली तक पहुंच ही नहीं पाया। पिछले एक साल में हमने 30 हजार बच्चियों को ढूंढकर 90 करोड़ रुपये पहुंचाए हैं।”- रेखा गुप्ता, मुख्यमंत्री, दिल्ली
उन्होंने आगे बताया कि उनकी सरकार अब 41 हजार और बच्चियों को 100 करोड़ रुपये देने जा रही है। उन्होंने कहा कि उन्हें इस काम की प्रेरणा प्रधानमंत्री मोदी की ‘मेरी पूंजी मेरा अधिकार’ योजना से मिली।
कब से शुरू होगी नई योजना?
सरकार ने योजना के बदलाव के लिए एक स्पष्ट समय-सीमा तय की है। पुरानी लाडली योजना को आधिकारिक तौर पर 31 मार्च 2026 को बंद कर दिया जाएगा। इसके ठीक अगले दिन, यानी 1 अप्रैल 2026 से नई ‘लखपति बिटिया योजना’ पूरे दिल्ली में लागू हो जाएगी। सरकार का लक्ष्य इस योजना के माध्यम से न केवल लिंगानुपात में सुधार करना है, बल्कि बेटियों को शिक्षित और आत्मनिर्भर बनाना भी है।





