पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण का मतदान 29 अप्रैल को 142 सीटों पर होना है। सोमवार को चुनावी प्रसार भी थम गया है। इसी बीच, भारतीय निर्वाचन आयोग (ECI) ने अवैध धन और सामग्री की आवाजाही पर अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई की है। चुनाव आयोग ने अब तक 510.10 करोड़ रुपए की नकदी, शराब और अन्य मुफ्त में बांटी जाने वाली वस्तुएं जब्त की हैं। यह आंकड़ा 2021 के विधानसभा चुनाव के दौरान हुई कुल 339 करोड़ की जब्ती से कहीं अधिक है।
बता दें कि 15 मार्च को चुनाव की घोषणा के बाद से आयोग ने 30 करोड़ रुपए नकद, 126.85 करोड़ रुपए की शराब, 110.12 करोड़ रुपए की ड्रग्स, 58.28 करोड़ रुपए की कीमती धातुएं और 184.85 करोड़ रुपए की अन्य मुफ्त वस्तुएं जब्त की हैं। चुनाव आयोग के अनुसार, मुख्य सचिवों, डीजीपी और प्रवर्तन एजेंसियों के साथ लगातार की गई समीक्षा बैठकों का ही नतीजा है कि इस बार इतनी बड़ी मात्रा में अवैध सामग्री पकड़ी गयी है।
पश्चिम बंगाल में मतदान के लिए कड़े इंतजाम
पश्चिम बंगाल में चुनाव को हिंसा-मुक्त और प्रलोभन-मुक्त बनाने के लिए भारत निर्वाचन आयोग ने अपनी पूरी मशीनरी सक्रिय कर दी है। राज्यभर में 2,728 फ्लाइंग स्क्वाड टीमें (FST) तैनात की गई हैं, जो किसी भी शिकायत पर 100 मिनट के भीतर कार्रवाई सुनिश्चित कर रही हैं।
इसके अलावा 3,142 स्टैटिक सर्विलांस टीमें (SST) चौबीसों घंटे नाकेबंदी कर वाहनों की सघन जांच कर रही हैं, ताकि अवैध नकदी और हथियारों के परिवहन पर पूरी तरह रोक लगाई जा सके।





