कर्मचारियों के लिए खुशखबरी, इस भत्ते में इजाफा, वेतनवृद्धि का भी लाभ, कैबिनेट की मंजूरी

पुष्कर सिंह धामी सरकार ने वाहन चालकों के वर्दी भत्ता के लिए ₹3000 प्रति वर्ष और 30 जून व 31 दिसंबर को सेवानिवृत्त कर्मचारियों को एक नोशनल वेतनवृद्धि देने का फैसला किया है।
Employees news

UK Employees News: नए साल से पहले उत्तराखंड की पुष्कर सिंह धामी सरकार ने राज्य के कर्मचारियों को दो बड़ी सौगातें दी हैं। धामी सरकार ने सभी सरकारी कार्यालयों में काम कर रहे नियमित वाहन चालकों के वर्दी भत्ते में इजाफा किया है। 30 जून और 31 दिसंबर को रिटायर होने वाले सभी कर्मचारियों को रिटायरमेंट से पहले एक अतिरिक्त प्रमोशन देने का फैसला किया है।

दरअसल, बुधवार को सीएम पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में सचिवालय को छोड़कर अन्य सभी विभागों और सभी शासकीय उपक्रमों के वाहन चालकों के वर्दी भत्ता के लिए ₹3000 प्रति वर्ष की मंजूरी दी गई है। अब इन्हें 3000 रुपये सालाना वर्दी भत्ते का लाभ मिलेगा। पहले यह राशि औसत 2400 रुपये थी। इस फैसले से राज्य के 2000 से अधिक नियमित चालक लाभान्वित होंगे।

इन सेवानिवृत्त कर्मचारियों को नोशनल वेतनवृद्धि का लाभ

  • कैबिनेट ने वेतन समिति की सिफारिश के तहत हर साल 30 जून और 31 दिसंबर को सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों को आहरित अंतिम वेतन में एक नोशनल वेतनवृद्धि जोड़ते हुए पेंशन की गणना करने का फैसला लिया है। अन्य सेवानिवृत्तिक लाभों की गणना में नोशनल वेतनवृद्धि को नहीं लिया जाएगा।
  • बता दे कि वर्तमान में उत्तराखंड में तकरीबन 3 लाख कर्मचारी राजकीय सेवाओं में अपनी सेवाएं देते हैं, जिसमें पब्लिक सेक्टर यूनिट और शिक्षण संस्थाओं के अलावा गवर्नमेंट फंडेड ऑर्गेनाइजेशन भी शामिल हैं।इस सभी को इसका लाभ मिलेगा।
  • इसके अलावा राजस्व विभाग के तहत कर्मचारियों की हड़ताल के संदर्भ में उपार्जित अवकाश में परिवर्तन करने के प्रस्ताव को भी स्वीकृति दी गई है।आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिकाओं, मिनी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता की मानदेय पर नियुक्ति के लिए चयन प्रक्रिया, सेवा शर्तों का नया शासनादेश लाने को भी मंजूरी दी गई।
Pooja Khodani
लेखक के बारे में
Pooja Khodani

12 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया में.

खबर वह होती है जिसे कोई दबाना चाहता है। बाकी सब विज्ञापन है। मकसद तय करना दम की बात है। मायने यह रखता है कि हम क्या छापते हैं और क्या नहीं छापते। (पत्रकारिता में 12 वर्षों से सक्रिय, इलेक्ट्रानिक से लेकर डिजिटल मीडिया तक का अनुभव, सीखने की लालसा के साथ हर खबर पर पैनी नजर) View all posts by Pooja Khodani →
Follow Us :GoogleNews