रामनगरी अयोध्या की यात्रा का बना रहे हैं प्लान, इन धार्मिक स्थलों के जरूर करें दर्शन

Ayodhya Tourism

Ayodhya Tourism: इस समय हर जगह अयोध्या के राम मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा की चर्चा हो रही है। 22 जनवरी को रामलला को गर्भ गृह में विराजित किया जाएगा। इस स्वर्णिम पल का साक्षी बनने का इंतजार हर देशवासी को है। अगर आप भी राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा समारोह में शामिल होने के लिए अयोध्या जाने के बारे में सोच रहे हैं या फिर कार्यक्रम होने के बाद इस जगह पर घूमने के लिए जाना चाहते हैं तो आज हम आपको भगवान राम की इस भूमि और यहां मौजूद पर्यटन स्थलों की जानकारी देते हैं।

अयोध्या को शुरुआत से ही धार्मिक और ऐतिहासिक नगरी के तौर पर पहचाना जाता है। यहां पर कई सारे धार्मिक स्थल और प्राचीन मंदिर मौजूद है हिंदू धर्म की आस्था का प्रतीक है। इस जगह के आसपास आपको प्राकृतिक सुंदरता का दीदार करने के लिए भी मिल जाएगा। चलिए यहां के बारे में जानते हैं।

राम मंदिर

अयोध्या में घूमने के लिए अगर सबसे शानदार जगह कोई है तो यहां स्थित राममंदिर है। 12वीं शताब्दी में इस मंदिर का निर्माण किया गया था लेकिन इसके बाद कई तरह के बदलाव हुए। 1828 में यहां पर बाबर ने मस्जिद बनाई जिसके चलते हिंदुओं का धार्मिक स्थल खो गया था। लंबे समय तक चली लड़ाई के बाद सुप्रीम कोर्ट ने यहां पर राम मंदिर बनाने की मंजूरी दी जिसका भूमि पूजन 5 अगस्त 2020 को किया गया था और 22 जनवरी 2024 को इसकी प्राण प्रतिष्ठा होने वाली है।

हनुमान गढ़ी

अगर आप अयोध्या जा रहे हैं तो आपको हनुमान गढ़ी जरूर जाना चाहिए। यह एक गुफा है जो हनुमान जी को समर्पित की गई है। यहां पर जितनी भी कथाएं और कृतियां नजर आती हैं वह सभी हनुमान जी से संबंधित है। अयोध्या में स्थित होने की वजह से यह राम भक्तों के बीच एक प्रसिद्ध जगह है। यहां जाने के बाद भक्त आध्यात्मिक शांति का एहसास करते हैं।

कनक भवन मंदिर

यह मंदिर अयोध्या की सबसे फेमस जगह है और आपको यहां का दीदार जरूर करना चाहिए। इसका निर्माण 12वीं शताब्दी में किया गया था और इसका नाम कनक भगवान राम की विशेषता को दर्शाने का काम करता है। यहां पर भगवान राम और सीता जी की मूर्तियां स्थापित है जो स्वर्णिम चित्रकार से सजी हुई है।

सरयू घाट

अगर आप अयोध्या जाएं और यहां के सरयू घाट का दीदार ना करें तो आपकी यात्रा कैसे पूरी होगी। अयोध्या सरयू नदी के तट पर मौजूद है जो बहुत ही सुंदर नदी है। यहां पर आपको संध्या आरती, तीर्थ स्नान, पितृ तर्पण जैसी धार्मिक क्रियाएं करने का मौका मिलेगा। रामनवमी, दीपावली, विजयादशमी जैसे पर्व पर सरयू घाट पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ती है।

तुलसी स्मारक भवन

महाकवि तुलसीदास को समर्पित किया गया यह भवन पर्यटन की दृष्टि से काफी खास माना जाता है। तुलसीदास जी ने रामचरितमानस महाकाव्य की रचना की है। भगवान इस जगह बनाया गया है जहां पर तुलसीदास जी का निवास हुआ करता था। यहां पर उनकी मूर्ति और स्मारक मौजूद है और बड़ी संख्या में लोग यहां पूजन अर्चन करते दिखाई देते हैं। यहां कई काव्य और ग्रंथ मौजूद है जो तुलसीदास जी की महिमा का वर्णन करते हैं।

Diksha Bhanupriy
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10 वर्षों का पत्रकारिता अनुभव, डिजिटल और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में.

"पत्रकारिता का मुख्य काम है, लोकहित की महत्वपूर्ण जानकारी जुटाना और उस जानकारी को संदर्भ के साथ इस तरह रखना कि हम उसका इस्तेमाल मनुष्य की स्थिति सुधारने में कर सकें।” इसी उद्देश्य के साथ मैं पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रही हूं। मुझे डिजिटल से लेकर इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का अनुभव है। मैं कॉपी राइटिंग, वेब कॉन्टेंट राइटिंग करना जानती हूं। मेरे पसंदीदा विषय दैनिक अपडेट, मनोरंजन और जीवनशैली समेत अन्य विषयों से संबंधित है। View all posts by Diksha Bhanupriy →
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