महिला दिवस से पहले दिल्ली में महिलाओं पर केंद्रित कई घोषणाओं के साथ बड़ा कार्यक्रम आयोजित हुआ, जहां राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने राज्य सरकार की चार योजनाओं का शुभारंभ किया। सरकार ने इसे “सशक्त नारी, समृद्ध दिल्ली” के संदेश से जोड़ा और कहा कि योजनाओं का मकसद सीधे आर्थिक, सामाजिक और आवागमन से जुड़ी जरूरतों को संबोधित करना है।
मंच से साझा किए गए आंकड़ों के मुताबिक 40,642 बालिकाओं को 100 करोड़ रुपये की डायरेक्ट बैंक ट्रांसफर (DBT) सहायता दी जा रही है। महिलाओं के लिए सहेली पिंक स्मार्ट कार्ड की घोषणा की गई, जिससे मुफ्त बस यात्रा सुविधा मिलेगी। होली के अवसर पर मुफ्त LPG सहायता को लगभग 129 करोड़ रुपये DBT के रूप में देने की बात भी रखी गई। इसी कार्यक्रम में दिल्ली लखपति बिटिया योजना का भी शुभारंभ किया गया।
राष्ट्रपति ने कहा कि महिलाओं को समर्पित योजनाएं दिल्ली में सशक्तीकरण की प्रक्रिया को तेज करेंगी। उन्होंने खेल से लेकर अन्य क्षेत्रों में महिलाओं की उपलब्धियों का जिक्र किया, साथ ही यह भी कहा कि महिला उत्पीड़न और हिंसा जैसी चुनौतियां अब भी मौजूद हैं।
“समाज सशक्त तभी होगा जब महिलाएं सशक्त होंगी। महिलाओं को शिक्षित, स्वाभिमानी और स्वावलंबी बनाना हमारा कर्तव्य है।”- द्रौपदी मुर्मू, राष्ट्रपति
रेखा गुप्ता ने योजनाओं को ‘विश्वास का मंच’ बताया
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कार्यक्रम को बेटी के जन्म से लेकर शिखर तक की यात्रा से जोड़ा। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति का सार्वजनिक जीवन देश की बेटियों के लिए प्रेरणा है और यह संदेश देता है कि सपनों की सीमा तय नहीं होती। मुख्यमंत्री के मुताबिक आज की घोषणाएं केवल प्रशासनिक फैसले नहीं, बल्कि आत्मनिर्भरता से जुड़े दीर्घकालिक हस्तक्षेप हैं।
उन्होंने कहा कि चार योजनाओं में बालिकाओं के लिए DBT, महिलाओं के लिए सहेली पिंक स्मार्ट कार्ड, त्योहारों पर LPG सहायता और दिल्ली लखपति बिटिया योजना शामिल हैं। साथ ही “मेरी पूंजी मेरा अधिकार” के तहत लाडली योजना का रुका हुआ पैसा जारी करने की बात भी दोहराई गई। मुख्यमंत्री ने कहा कि लोगों का बकाया पैसा वापस पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता है।
पिंक टिकट से पिंक कार्ड तक, और LPG सहायता का DBT मॉडल
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि पहले शुरू की गई पिंक टिकट व्यवस्था में व्यावहारिक कठिनाइयां और पारदर्शिता को लेकर सवाल थे, इसलिए सरकार पिंक कार्ड मॉडल लेकर आई है। उनके अनुसार इस कार्ड का उपयोग मेट्रो में भी किया जा सकेगा। उन्होंने यह भी कहा कि होली और दीवाली पर मुफ्त सिलेंडर देने की घोषणा को DBT के माध्यम से लागू किया जा रहा है, ताकि लाभ सीधे खाते में पहुंचे।
रेखा गुप्ता ने इसे “माइंडसेट बदलने” की दिशा में कदम बताया और कहा कि सभी योजनाओं का केंद्र महिलाओं की गरिमा है। उनके भाषण में यह भी रेखांकित किया गया कि दिल्ली की हर बेटी को आगे बढ़ने का अवसर देना सरकार का स्पष्ट लक्ष्य है।
उपराज्यपाल ने कहा-एक साल में महिलाओं पर फोकस बढ़ा
कार्यक्रम में मौजूद दिल्ली के उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना ने कहा कि दिल्ली सरकार ने महिलाओं के लिए चार बड़ी योजनाएं समर्पित की हैं और उनका शुभारंभ देश की प्रथम नागरिक ने किया है। उन्होंने सरकार की दूरदृष्टि की सराहना की और कहा कि ऐसी पहलें राज्य और देश, दोनों के विकास में भूमिका निभाती हैं।
“दिल्ली सरकार पिछले एक साल से महिलाओं के लिए लगातार योजनाएं ला रही है।”- विनय कुमार सक्सेना, उपराज्यपाल
कुल मिलाकर, कार्यक्रम का फोकस तीन स्पष्ट बिंदुओं पर रहा: महिलाओं की सुरक्षित और सुलभ यात्रा, बेटियों के लिए प्रत्यक्ष आर्थिक सहायता, और घरेलू ऊर्जा खर्च में त्योहार आधारित राहत। महिला दिवस से पहले आई इन घोषणाओं ने दिल्ली की सामाजिक कल्याण नीति में महिला-केंद्रित एजेंडे को प्रमुख रूप से सामने रखा है।





