लोक परीक्षा संशोधन विधेयक 2026 संसद से पारित, जेपी नड्डा बोले- युवाओं के सपनों और मेहनत की सुरक्षा की दिशा में ऐतिहासिक कदम

लोक परीक्षा संशोधन विधेयक 2026 को संसद की मंजूरी। जेपी नड्डा ने बताया युवाओं के हित में ऐतिहासिक कदम। कहा- पेपर लीक गिरोह, परीक्षा माफिया और संगठित नकल पर लगेगी प्रभावी लगाम, दोषियों पर होगी सख्त कार्रवाई, पारदर्शी और निष्पक्ष परीक्षा व्यवस्था से करोड़ों युवाओं की मेहनत, योग्यता और भविष्य को मिलेगी मजबूत सुरक्षा।"
Public examinations amendment bill 2026 JP Nadda Statement

लोक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026 संसद से पारित हो गया है। लोकसभा से मंजूरी मिलने के एक दिन बाद गुरुवार को राज्यसभा ने भी विधेयक को पारित कर दिया। इसके बाद केंद्रीय मंत्री और राज्यसभा में सदन के नेता जेपी नड्डा (JP Nadda) ने इसे देश के करोड़ों युवाओं के सपनों, मेहनत और प्रतिभा की सुरक्षा की दिशा में ऐतिहासिक कदम बताया है।

जेपी नड्डा ने सोशल मीडिया पर पोस्ट साझा करते हुए कहा कि, “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में लाया गया यह संशोधन देश की परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता को और मजबूत करेगा। परीक्षा व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, निष्पक्ष और जवाबदेह बनाने की दिशा में यह महत्वपूर्ण कदम है।”

पेपर लीक और परीक्षा माफिया पर लगेगी लगाम

नड्डा का कहना है कि संशोधित कानून परीक्षा माफिया, पेपर लीक गिरोह और संगठित नकल जैसी गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगाने में मदद करेगा। साथ ही परीक्षा में अनुचित साधनों और संगठित गड़बड़ी के दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का रास्ता मजबूत होगा। संशोधन में परीक्षा संबंधी अपराधों के खिलाफ दंड को और कड़ा करने के प्रावधान किए गए हैं।

नड्डा के मुताबिक इसका उद्देश्य केवल गड़बड़ी करने वालों पर कार्रवाई करना नहीं, बल्कि युवाओं की योग्यता, आकांक्षाओं और भविष्य को सुरक्षा देना भी है। उन्होंने कहा कि, “करोड़ों युवा प्रतियोगी और सार्वजनिक परीक्षाओं के लिए कड़ी मेहनत करते हैं और परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता उनके भविष्य से सीधे जुड़ी है।”

पीएम मोदी का जताया आभार

जेपी नड्डा ने इस सुधार के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार जताया। उन्होंने कहा कि, “यह कदम युवाओं के हितों की रक्षा और परीक्षा प्रणाली को मजबूत बनाने की सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।” नड्डा ने लोक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026 का संसद में समर्थन करने वाले सभी सांसदों और राजनीतिक दलों को भी धन्यवाद दिया।

लोकसभा ने इस विधेयक को बुधवार को विस्तृत चर्चा के बाद ध्वनिमत से पारित किया था। गुरुवार को राज्यसभा की मंजूरी मिलने के साथ ही विधेयक ने संसद की मंजूरी हासिल कर ली।

Manisha Kumari Pandey
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