
Scindia replied to the tweet in a funny way : केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया (Union Minister Jyotiraditya Scindia) सामान्य तौर पर रोज ट्वीट करते हैं और उनके ट्वीट (Scindia Tweet) की चर्चा भी होती है लेकिन आज उनके जिस ट्वीट की चर्चा हो रही है वो थोडा अलग है… सब जानते हैं कि केंद्रीय मंत्री सिंधिया एक बार फिर कोरोना पॉजिटिव हो गए हैं, अब जब उनके समर्थकों ने इसे पोस्ट किया तो उसका गूगल ने जो ट्रांसलेशन किया वो बड़ा ही गजब है, जिसपर सिंधिया ने भी मजाकिया अंदाज में ट्वीट का रिप्लाई किया जिसकी चर्चा देश में हो रही है।
आजकल गूगल सर्च इंजन (#google search engine) पर डिपेंडेंसी बढ़ गई है, किसी को कुछ समझ नहीं आता है तो #Google की मदद लेता है लेकिन कभी कभी लोग गूगल का इस्तेमाल ट्रांसलेशन के लिए भी करते हैं लेकिन जब गूगल हिंदी में ट्रांसलेशन करता है तो कई बार ऐसी गड़बड़ हो जाती है जो अलग ही अर्थ बना देती है…ताजा उदाहरण सिंधिया से जुड़ा हुआ है।
केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया कल सोमवार को एक बार फिर कोरोना पॉजिटिव हो गए, डॉक्टर्स की सलाह पर उन्होंने कोविड टेस्ट कराया जो पॉजिटिव निकला, इसकी सूचना उन्होंने खुद ट्वीट कर दी। सिंधिया समर्थकों ने उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हुए ट्वीट किये।
इसी दौरान भाजपा नेता एवं झारखण्ड से पार्टी प्रवक्ता कुणाल सारंगी ने अपने ट्विटर (#Twitter) पर एक पोस्ट शेयर की, जो सिंधिया के कोरोना पॉजिटिव होने की अंग्रेजी पोस्ट का गूगल द्वारा किया गया हिंदी ट्रांसलेशन था… इसमें लिखा था केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कोविड का परीक्षण सकारात्मक किया।
कभी कभी ये अनुवाद वाले सॉफ्चवेयर भी कमाल करते हैं @JM_Scindia जी। आप जल्द स्वस्थ हो ईश्वर से यही प्रार्थना है। #jyotiradityascindia pic.twitter.com/9B7KiOPJRJ
— Kunal Sarangi 🇮🇳 (@KunalSarangi) April 18, 2023
कुणाल सारंगी को पोस्ट वायरल हो गई जो सिंधिया तक भी पहुँची, जब सिंधिया ने हिंदी ट्रांसलेशन वाली पोस्ट पढ़ी तो उनकी हंसी नहीं रुकी और फिर उन्होंने मजाकिया अंदाज में इसका रिप्लाई किया .. हा हा उल्टा कोविड मेरा परीक्षण ले रहा हैं।
🤣🤣🤣 Get well Soon 🙏🏻 https://t.co/LcpgUDJtXS
— Kunal Sarangi 🇮🇳 (@KunalSarangi) April 18, 2023
बहरहाल ट्वीट का हिंदी ट्रांसलेशन तो एक बानगी है ऐसे कई लोग हैं जो गूगल पर ट्रांसलेशन पर डिपेंडेंट रहते हैं इसलिए हम आपसे निवेदन करते हैं कि आप पूरी तरह से गूगल के भरोसे ना रहें अपने विवेक का इस्तेमाल करें वर्ना कभी आपके साथ अर्थ का अनर्थ हो सकता है ।
पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

