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पश्चिम बंगाल में भाजपा की जीत के लिए गोरखपुर में हुआ यज्ञ-हवन, मां काली से की विशेष प्रार्थना

Written by:Gaurav Sharma
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उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में हिंदू सुरक्षा सेवा संघ ने मां काली से पश्चिम बंगाल में भाजपा की जीत और ममता सरकार के खात्मे की प्रार्थना की है। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
पश्चिम बंगाल में भाजपा की जीत के लिए गोरखपुर में हुआ यज्ञ-हवन, मां काली से की विशेष प्रार्थना

उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में हिंदू सुरक्षा सेवा संघ ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में भाजपा की जीत की कामना को लेकर यज्ञ-हवन का आयोजन किया। इस दौरान मां काली से विशेष प्रार्थना की गई, जिसमें संगठन के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने पश्चिम बंगाल की हर विधानसभा में भगवा परचम लहराने की कामना की। इसके साथ ही, सनातन विरोधी ममता बनर्जी की सरकार के खात्मे की भी प्रार्थना की गई।

गोरखपुर के गोलघर स्थित काली मंदिर पर रविवार, 3 मई को यह यज्ञ-हवन संपन्न हुआ। हिंदू सुरक्षा सेवा संघ के महानगर अध्यक्ष जितेंद्र वर्मा पल्लू के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे। इस अवसर पर जितेंद्र वर्मा पल्लू ने कहा कि उनकी प्रबल इच्छा है कि पश्चिम बंगाल की हर विधानसभा भगवामय हो जाए। उन्होंने सनातन विरोधी ममता बनर्जी की सरकार के निश्चित खात्मे की बात दोहराते हुए कहा कि चुनाव के दौरान उनके गुंडों ने कितनी गुंडई कराई, लेकिन उनकी गुंडे चली नहीं और अब उनके गुंडों का खात्मा निश्चित है।

मां काली से भाजपा की जीत के लिए विशेष प्रार्थना

जितेंद्र वर्मा पल्लू ने आगे कहा कि वे लोग यज्ञ और हवन के माध्यम से मां काली से यह प्रार्थना कर रहे हैं कि आने वाले 4 मई को पश्चिम बंगाल में भगवा सूर्य का उदय हो। उन्होंने पूरे बंगाल को भगवामय देखने की अपनी आकांक्षा व्यक्त की। पल्लू ने स्मरण दिलाया कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस और स्वामी विवेकानंद जैसे महान विभूतियों की भूमि, आदिशक्ति मां जगत जननी मां काली महिषासुर मर्दिनी के नाम से पूरा देश बंगाल को दशहरा पर्व के लिए जानता था। लेकिन, ममता बनर्जी ने जिस तरह की पहचान बंगाल की बनाई है, वह निश्चित तौर पर सनातन विरोधी होने के नाते है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि आने वाला 4 मई ममता बनर्जी के लिए काल साबित होगा और ऐसा लगता है कि 4 मई को ममता बनर्जी गई।

उन्होंने गोलघर स्थित काली मंदिर पर यज्ञ-हवन करने का उद्देश्य स्पष्ट करते हुए कहा कि पश्चिम बंगाल और कोलकाता को मां काली के नाम से जाना जाता है। मां काली निश्चित रूप से महिषासुरों का वध करती हैं। उन्होंने गोरखपुर के इस पवित्र और जागृत काली मंदिर का जिक्र करते हुए कहा कि यह मंदिर सभी श्रद्धालुओं के दुःखों को हरता है। ईवीएम को लेकर हो रहे हंगामे पर उन्होंने कहा कि यह कोई हंगामा नहीं है, बल्कि यह हार की तड़पन है।

ममता के जाने का समय आया- पल्लू का बड़ा दावा

जितेंद्र वर्मा पल्लू ने आगे कहा कि यह हार का भय है और अब ममता भागने वाली हैं। उन्हें डर सता रहा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि जितने भी सनातन विरोधी हैं, जब सनातन सूर्य का उदय होता है, तो वे ईवीएम का रोना रोते हैं, चुनाव आयोग की धांधली का रोना रोते हैं और सिस्टम की धांधली का रोना रोते हैं। उन्होंने दृढ़ता से कहा कि निश्चित रूप से ममता बनर्जी के जाने का समय आ गया है। माता काली ने उनका टिकट काट दिया है और अब उन्हें बंगाल की सत्ता से जाना ही होगा।

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