नीमच शहर के जवाहर नगर क्षेत्र में 17 फरवरी को हुई दिनदहाड़े चेन स्नेचिंग की वारदात का पुलिस ने पर्दाफाश करते हुए दो अंतरराज्यीय चेन स्नेचरों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से छीनी गई सोने की चेन और घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल भी बरामद कर ली है।

पुलिस के अनुसार 17 फरवरी को दोपहर करीब 3 बजे जवाहर नगर में एक महिला शादी समारोह से घर लौट रही थी। इसी दौरान मोटरसाइकिल पर सवार दो युवकों ने रास्ता रोककर महिला के साथ झूमाझटकी की और गले में पहनी करीब दो तोले की सोने की चेन छीनकर फरार हो गए। घटना के बाद नीमच कैंट थाने में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।

पुलिस ने चैक किये 250 सीसीटीवी कैमरे  

घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक अंकित जायसवाल के निर्देश पर थाना प्रभारी नीमच कैंट और साइबर सेल की संयुक्त टीम गठित की गई। पुलिस टीम ने घटना स्थल और आसपास के क्षेत्रों के करीब 250 सीसीटीवी कैमरों की जांच कर तकनीकी साक्ष्य जुटाए। फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान के लिए मंदसौर, निम्बाहेड़ा, चित्तौड़गढ़, कोटा और झालावाड़ में तलाश की गई।

जांच के दौरान पता चला कि आरोपी 7 मार्च को फिर से चेन स्नेचिंग की वारदात को अंजाम देने के उद्देश्य से नीमच आए थे, लेकिन पुलिस की सक्रियता के कारण वे सफल नहीं हो सके और रामपुरा के आगे जंगल में मोटरसाइकिल छोड़कर भाग गए।

जंगल में घेराबंदी कर दो आरोपी गिरफ्तार 

इसके बाद पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर कोटा निवासी पुष्पेन्द्र शर्मा और दीपक मीणा की पहचान की। 8 मार्च को गांधीसागर क्षेत्र में सूचना मिलने पर पुलिस टीम ने घेराबंदी कर जंगल में सर्चिंग अभियान चलाया, जिसमें पुष्पेन्द्र शर्मा को गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि दीपक मीणा फरार हो गया। बाद में पुलिस ने कोटा पहुंचकर कड़ी मशक्कत के बाद दीपक मीणा को भी गिरफ्तार कर लिया।

पुलिस के अनुसार आरोपी नशे के आदी हैं और नशे के लिए पैसों की जरूरत के चलते इस तरह की वारदातों को अंजाम देते थे। आरोपी पुष्पेन्द्र शर्मा के खिलाफ राजस्थान के कोटा और भीलवाड़ा जिलों में चोरी, आर्म्स एक्ट, एनडीपीएस एक्ट सहित 15 मामले दर्ज हैं, जबकि दीपक मीणा पर कोटा और टोंक में हत्या के प्रयास सहित चार अपराध दर्ज हैं।