मध्य प्रदेश के नीमच में जिला अस्पताल के बाहर तनावपूर्ण माहौल देखने को मिला। दरअसल, यहां मनासा तहसील के बालागंज गांव की विवाहिता की संदिग्ध मौत के बाद परिजन सड़क पर उतर गए और चक्काजाम कर दिया। परिजनों ने विवाहिता के पति पर प्रताड़ना का आरोप लगाया है।
परिवार के लोगों का कहना है कि मृतक को पति मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना दे रहा था। इसी से तंग आकर उसने फांसी लगाकर अपनी जान दे दी। उसी की गिरफ्तार की मांग को लेकर अस्पताल के बाहर चक्का जाम किया गया।
जिला अस्पताल के बाहर चक्काजाम
मृतका के परिजनों ने जिला अस्पताल के कंट्रोल रूम के सामने चक्का जाम कर देना शुरू कर दिया। उन्होंने मृतका के पति पर आरोप लगाते हुए कहा कि वह शराब के नशे में आए दिन मारपीट करता है। परिजनों ने यह आशंका भी जताई है कि इस प्रताड़ना से परेशान होकर या तो मृतका ने आत्महत्या की है या पति ने फांसी लगाकर आत्महत्या का ढोंग रचा है। प्रदर्शन कर रहे हैं लोगों ने यह कहा कि जब तक पति की गिरफ्तारी नहीं होती है तब तक आंदोलन जारी रहेगा। इस दौरान पुलिस परिजनों को समझाइश देती हुई नजर आई। जैसे तैसे परिजनों को समझाकर पुलिस ने चक्काजाम खुलवाया तब कहीं जाकर वाहनों का आवागमन शुरू हो सका।
पुलिस का क्या कहना
इस मामले में नीमच एडिशनल एसपी हेमलता अग्रवाल का कहना है कि विवाहिता की मौत के बाद परिजन रोड पर रखकर चक्का जाम कर रहे थे। उन्हें समझाइश दी गई है कि पोस्टमार्टम करने के बाद जो भी रिपोर्ट आएगी। उसी के आधार पर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।






