हरी मूंग की ग्रेडिंग रिपोर्ट सही करने सहकारी समिति के सहायक प्रबंधक ने ली 1 लाख रुपये रिश्वत, लोकायुक्त पुलिस ने रंगे हाथ पकड़ा

समिति के सहायक प्रबंधक ने मूँग की ग्रेडिंग रिपोर्ट को सही करके उसे वेयर हाऊस में रखवाने एवं माल की टी सी बनाने के बदले में 02 लाख रु की मांग की गई ।
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मध्य प्रदेश में रिश्वतखोरों पर हो रही सख्त कार्रवाई के बावजूद भ्रष्ट अफसर और कर्मचारी रिश्वत लेने से नहीं चूक रहे, खास बात ये है कि रिश्वत मांगते समय अब घूसखोर लाखों रुपये की डिमांड करने में भी भय नहीं खाते, लोकायुक्त पुलिस सागर की टीम  ऐसे ही एक भ्रष्ट अफसर को 1 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। लोकायुक्त पुलिस ने इस मामले में तीन अन्य लोगों को भी आरोपी बनाया है।

लोकायुक्त पुलिस सागर एसपी योगेश्वर शर्मा के मुताबिक सागर जिले की देवरी तहसील के ग्राम पड़‌रई के सरपंच दिनेश सिंह राजपूत ने एक शिकायती आवेदन कार्यालय में दिया जिसमें सेवा सहकारी समिति जरूआ तहसील केसली समिति के सहायक प्रबंधक पर 2 लाख रूपए एकी रिश्वत मांगने के आरोप लगाये।

उपार्जित मूंग की वेयर हाउस में रखने से किया इंकार  

आवेदन में उन्होंने बताया कि ग्राम पड़‌रई बुजुर्ग तह देवरी के ऐसे किसान जिन्होंने वर्ष 2025 में मूँग के उपार्जन के लिए  सेवा सहकारी समिति जरुआ तहसील केसली में रजिस्ट्रेशन कराया ,उनके मूँग की तुलाई आवेदक द्वारा कराई गई , लगभग 371 क्विंटल मूंग की तुलाई हो चुकी है। उक्त मॉल को जब शिविका वेयर हाऊस में जमा करने हेतु भेजा गया तो उसके संचालक दिव्यांश तिवारी द्वारा माल ख़राब ग्रेडिंग का बतला कर रखने से मना कर दिया गया।

हरी मूंग की ग्रेडिंग रिपोर्ट सही करने मांगी रिश्वत  

आवेदक ने बताया कि जब इसकी शिकायत उसने सेवा सहकारी समिति जरूआ के सहायक प्रबंधक संतोष चौबे से  की एवं माल वापस करने हेतु कहा तो संतोष चौबे द्वारा उनके सहायक राजेश पाण्डे एवं शिविका वेयर हाऊस सहजपुर के संचालक दिव्यांश तिवारी के साथ मिल कर मूँग की ग्रेडिंग रिपोर्ट को सही करके उसे वेयर हाऊस में रखवाने एवं माल की टी सी बनाने के बदले में 02 लाख रु की मांग की गई ।

एक मुख्य आरोपी के साथ तीन सह आरोपी बनाये  

पुलिस अधीक्षक लोकायुक्त सागर द्वारा शिकायत का सत्यापन करने हेतु निरीक्षक रोशनी जैन को अधिकृत किया गया। शिकायत सत्यापन के दौरान आरोपीगण आवेदक से 01 लाख रुपये लेकर कार्य करने के लिए सहमत हो गए । लोकायुक्त ने ट्रैप प्लान की और फिर आरोपी संतोष चौबे को आवेदक से 01 लाख रुपये लेते रंगे हाथों पकड़ा, आरोपी द्वारा आवेदक से रुपये लेकर अपने साथी अजय सिंह को दे दिए थे इसीलिए अजय सिंह घोषी (प्राइवेट व्यक्ति ) के साथ अन्य प्राइवेट व्यक्तियों राजेश पाण्डेऔर शिविका वेयर हाऊस सहजपुर का संचालक दिव्यांश तिवारी को  इस प्रकरण में सह आरोपी बनाया गया है।

Atul Saxena
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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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