विधायक पुत्र ने बीजेपी मंडल अध्यक्ष से की मारपीट, मामला दर्ज

विधायक पुत्र ने बीजेपी मंडल अध्यक्ष से की मारपीट, मामला दर्ज

सिंगरौली। मध्य प्रदेश में विधायक पुत्रों की दबंगई की खबरें अक्सर सामने आती है। ताजा मामला सिंगरौली से है जहां बीजेपी विधायक रामलल्लू वैश्य के पुत्र ने गुडांगर्दी करते हुए पार्टी के ही मंडल अध्यक्ष के साथ मारपीट कर दी ।पुलिस ने विधायक पुत्र के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

जानकारी के मुताबिक यह पूरा विवाद जमीन पर कब्जा को लेकर हुआ। बुधवार को मोरवा थाना क्षेत्र के  खानहना बॉर्डर पर सिंगरौली विधायक राम लल्लू बेस के पुत्र विवेक कुमार  वैश्य ने सिंगरौली मंडल अध्यक्ष भूपेंद्र गर्ग बंटी व उनके चाचा सुभाष गर्ग पर जानलेवा हमला कर दिया। मारपीट के बाद विधायक पुत्र ने वाहन में तोडफ़ोड़ भी की। घटना के बाद समाज के प्रबुद्ध लोग व व्यापारियों ने मंडल अध्यक्ष भूपेंद्र के समर्थन में थाने पहुंच गए। जहां इस मामले में मोरवा पुलिस ने आरोपी विवेकानंद वैश्य, गेंदालाल साहू व अन्य लोगों के खिलाफ धारा 294, 323, 506 , 427, 352, 34 के तहत मामला दर्ज कर जांच में जुटी है।

शिकायत में पीडि़त ने बताया है कि खानहना बॉर्डर मंडल अध्यक्ष भूपेंद्र गर्ग की जमीन पर विधायक पुत्र विवेकानंद जबरन घर बनाने की कोशिश कर रहा था। जानकारी होने पर मंडल अध्यक्ष अपने चाचा व एक अन्य के साथ मोरवा अनपरा रोड के खनहना पहुंचे। जहां चुरकी की जमीन पर निर्माण कार्य चल रहा था। मंडल अध्यक्ष के पूछने पर विधायक पुत्र ने वाहन में तोडफ़ोड़ करते हुए मारपीट किया। जिससे मंडल अध्यक्ष घायल हो गया है।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews