
हाल ही में भारत और इंग्लैंड के बीच पांच मैचों की टेस्ट सीरीज खेली गई। इस सीरीज ने न सिर्फ भारतीय युवा खिलाड़ियों का प्रदर्शन उजागर किया, बल्कि भविष्य को लेकर कई चीज़ें स्पष्ट कर दी हैं। दरअसल, बीसीसीआई के सूत्रों की मानें तो इस सीरीज ने लगभग विराट कोहली और रोहित शर्मा के वनडे भविष्य को लेकर भी तस्वीर साफ कर दी है। बता दें कि इस समय दोनों खिलाड़ी केवल वनडे फॉर्मेट में ही खेलते हुए दिखाई दे रहे हैं। रोहित शर्मा और विराट कोहली पहले टी20 और बाद में टेस्ट क्रिकेट से संन्यास ले चुके हैं।
वहीं इंग्लैंड दौरे की बात करें तो यह भारतीय टीम के लिए बेहद शानदार रहा। इस दौरे पर कई युवा खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया। शुभमन गिल का बल्ला इस दौरे पर जमकर बोला। साई सुदर्शन, के.एल. राहुल और ऋषभ पंत जैसे खिलाड़ियों ने भी शानदार प्रदर्शन किया। भारतीय बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल ने इंग्लैंड के गेंदबाजों को जमकर परेशान किया।
2027 तक वनडे टीम में अपनी जगह बरकरार रख पाएंगे?
अब इससे यह बात भी स्पष्ट हो रही है कि भारत का भविष्य बेहद ही उज्ज्वल होने वाला है। भारत के युवा खिलाड़ी विदेशी जमीन पर भी दमदार प्रदर्शन कर रहे हैं। इस समय वनडे वर्ल्ड कप में लगभग दो साल का समय बचा है। वनडे वर्ल्ड कप 2027 में खेला जाएगा, लेकिन अब से ही इसकी तैयारी शुरू कर दी गई है। दरअसल, धीरे-धीरे उन खिलाड़ियों की तस्वीर भी साफ हो रही है, जो इस बड़े टूर्नामेंट में भारत का प्रतिनिधित्व कर सकते हैं। लेकिन इसके साथ ही एक बड़ा सवाल खड़ा हो रहा है क्या विराट कोहली और रोहित शर्मा 2027 तक वनडे टीम में अपनी जगह बरकरार रख पाएंगे या उनकी जगह बीसीसीआई युवा खिलाड़ियों को मौका देगी?
क्या हो सकती है भविष्य को लेकर चर्चा?
वहीं, इंग्लैंड के साथ खेली गई सीरीज के बाद इसे लेकर कुछ बातें सामने आई हैं। मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि बीसीसीआई के सूत्रों के मुताबिक, बोर्ड ने जल्द ही रोहित शर्मा और विराट कोहली के भविष्य को लेकर निर्णय लेने की योजना बनाई है। दरअसल, बीसीसीआई के एक सूत्र ने कहा है कि रोहित और विराट के भविष्य पर जल्द ही विचार किया जाएगा। वनडे वर्ल्ड कप 2027 तक रोहित शर्मा और विराट कोहली दोनों ही लगभग 40 वर्ष के हो जाएंगे। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या वे अपनी फिटनेस बरकरार रख सकेंगे? क्या उनका शरीर उनका साथ देगा? भारत के लिए यह टूर्नामेंट बेहद अहम है, क्योंकि भारतीय टीम ने साल 2011 में आखिरी बार यह टूर्नामेंट जीता था।
4 वर्षों का पत्रकारिता अनुभव.

