उज्जैन की जनता के लिए बड़े अरमानों और दावों के साथ शहर में हेरिटेज सामुदायिक भवन बनाया गया था। लोगों के मन में उम्मीद जगाई गई थी कि इस सामुदायिक भवन का इस्तेमाल वह सामाजिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए कम शुल्क में कर सकेंगे। लेकिन यह भवन आज खुद अपने अच्छे दिन शुरू होने का इंतजार कर रहा है।
सामुदायिक भवन को बनाया तो बड़ी जोर शोर से गया लेकिन यह अपने दरवाजे पर ताला लटकाए बैठा है। लगभग 4 करोड़ 48 लाख रुपए की लागत से इस भवन का निर्माण किया गया था। पिछले साल फरवरी 2025 में जोर शोर से इसका लोकार्पण भी किया गया था। लेकिन शहर की जिस जनता के लिए यह लोकार्पित हुआ था, उनके काम ही नहीं आया।
बाहर से भवन निहार रही जनता
2025 में इस भवन के लोकार्पण के दौरान दावा किया गया था कि शहर वासियों को कम शुल्क में शादी, सामाजिक और सांस्कृतिक आयोजन करने के लिए सामुदायिक भवन उपलब्ध करवाया जाएगा। लेकिन जनता केवल बाहर से भवन को निहार पा रही है इसका उपयोग नहीं कर पा रही। 1 साल 3 महीना बीत जाने के बाद भी नगर निगम की ओर से इसकी सार्वजनिक बुकिंग शुरू नहीं हो पाई है।
बड़े हॉल और कमरों से लैस भवन
बता दें कि इस सामुदायिक भवन को हेरिटेज शैली में तैयार किया गया है। यहां बड़े हॉल, कमरे, पार्किंग और पारंपरिक कलाकृतियों से सजी दीवारें हैं। 364 स्क्वेयर फिट क्षेत्र में बनाया गया यह भवन कुछ इस तरह डिजाइन किया गया है कि सामाजिक आयोजन और शादी यहां आसानी से की जा सकती है।
प्रशासन का क्या कहना
इस भवन के बारे में महापौर मुकेश टटवाल का कहना है कि इसके संचालन के लिए एमआईसी के प्रस्ताव की जरूरत नहीं है। वही तत्कालीन निगम आयुक्त आशीष पाठक की ओर से इसे शुरू करने के आदेश भी जारी किए गए थे। आयुक्त के निर्देश को भी काफी वक्त हो गया है इसके बावजूद भी करोड़ों की लागत से बना हेरिटेज भवन जनता के लिए बंद पड़ा है।






