उज्जैन में ठगी का मामला सामने आया है। ये ठगी एक नहीं बल्कि 6 लोगों के साथ की गई है। किसी से क्रेडिट कार्ड के लिमिट बढ़ाने के नाम पर तो किसी को गैस कनेक्शन बंद होने का डर दिखाकर चूना लगाया गया है।

इस तरह से 6 लोगों को लगभग 6 लाख 41000 का नुकसान हुआ है। यह सारे मामले शहर के अलग-अलग थाना क्षेत्र के हैं। इनमें से दो चिमनगंज थाना, तीन खाराकुआं और एक मामला खाचरौद का है। ठगों ने लोगों को अलग अलग तरह लालच और डर दिखाकर ये ठगी की है।

तीन लोगों से ठगे 2.11 लाख

खाराकुआं थाना क्षेत्र में जो तीन मामले दर्ज किए गए हैं। उसमें पटनी बाजार के रहने वाले आदित्य कसेरा से 97 में हजार 600 रुपए, इब्राहिम कॉलोनी के सुजाउद्दीन से 85000 और रिजवान नामक युवक से 28977 की धोखाधड़ी हुई है। इन सभी मामलों में ऑनलाइन वित्तीय ठगी की शिकायत दर्ज करवाई गई है।

क्रेडिट कार्ड के नाम पर लूट

इसी तरह से चिमनगंज मंडी थाना क्षेत्र की महालक्ष्मी विहार कॉलोनी में रहने वाले नीरज साहू को क्रेडिट कार्ड के नाम पर ठगा गया है। उनके पास एक व्यक्ति का फोन आया जिसमें खुद को आरबीएल क्रेडिट कंपनी का कर्मचारी बताया और कार्ड के लिमिट बढ़ाने के लिए OTP बताने को कहा। नीरज ने फोन काट दिया लेकिन कुछ देर बाद उन्हें क्रेडिट कार्ड से 134507 और फिर 5400 रुपए काटने का मैसेज आया। इस तरह से उनके खाते से कुल 1 लाख 39 हजार 907 रुपए निकाले गए। उन्होंने तुरंत थी अपना कार्ड लॉक करवाया और साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज करवाई।

किसान से परिचित बन ठगी

इसी तरह से खाचरौद थाना क्षेत्र के दुपड़ावदा के रहने वाले किसान गिरधारी पाटीदार को एक अज्ञात व्यक्ति ने चूना लगाया है। उसने खुद का नाम अर्जुन बताते हुए अपनी बच्ची के बीमार होने की बात कही और रुपए भेजने को कहा। गिरधारी ने उसे उज्जैन में रहने वाला अपना परिचित समझा और 65000 रुपए ट्रांसफर कर दिए। अगले दिन इस नंबर से और पैसे मांगे गए तब उन्हें ठगी का पता चला। इसके बाद किसान ने पुलिस में शिकायत की।

शिक्षक को भी ठगा

ठगों ने चिमनगंज मंडी थाना क्षेत्र के रहने वाले शासकीय शिक्षक विष्णु सिंह पवार को भी ठगा है। उनके मोबाइल पर गैस कनेक्शन बंद होने का मैसेज आया था। इसमें दिए गए नंबर पर संपर्क करने को कहा गया था। जब संपर्क किया गया तो बिल अपडेट नहीं होने की बात कही गई। इसके बाद उन्हें एक एपीके फाइल भेजी गई। और पेनल्टी जमा करने के बाद डेबिट कार्ड से प्रक्रिया करने को बोला गया। इस दौरान बैंक से ओटीपी आने लगे। इस तरह से दो बार में 2 लाख 25 हजार कट गए। ठगी का एहसास होते ही शिक्षक ने कार्ड ब्लॉक करवाकर शिकायत दर्ज करवाई।

पुलिस कर रही जांच

ठगी के इन सभी मामलों में पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर लिया है। लगातार जांच की जा रही है। इस बीच लोगों से अपील की गई है कि अनजान कॉल पर बैंक संबंधी कोई भी जानकारी या ओटीपी शेयर ना करें। बैंक सेवा गैस कनेक्शन के नाम पर भेजी गई फाइल डाउनलोड ना करें। परिचित बनकर अगर आपके पास फोन आता है तो एक बार व्यक्ति की पहचान सुनिश्चित करें। ठगी होने पर तुरंत ही हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत करें और अपने कार्ड को तुरंत बंद करवाएं