गोरखपुर और बस्ती मंडल के विकास को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को एक अहम बैठक की। लखनऊ स्थित एनेक्सी भवन सभागार में आयोजित इस बैठक में सीएम ने दोनों मंडलों के सभी विधानसभा क्षेत्रों की सड़क जरूरतों पर चर्चा की और जनप्रतिनिधियों से सीधे फीडबैक लिया। उन्होंने साफ निर्देश दिया कि क्षेत्रीय जन आकांक्षाओं के अनुरूप नई सड़क परियोजनाओं के प्रस्ताव शासन को भेजे जाएं, जिन पर प्राथमिकता के आधार पर त्वरित कार्रवाई की जाएगी।
सड़क परियोजनाएं
बैठक की शुरुआत में मुख्यमंत्री ने गोरखपुर और बस्ती मंडल के विधानसभा क्षेत्रों में प्रस्तावित सड़क परियोजनाओं का डिजिटल प्रजेंटेशन देखा। लोक निर्माण विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने प्रजेंटेशन के जरिए भावी परियोजनाओं की जानकारी दी। इसके बाद सीएम योगी ने जनप्रतिनिधियों से उनके क्षेत्र में सड़कों की स्थिति और आवश्यकताओं पर फीडबैक लिया और अधिकारियों को उसी अनुसार निर्देश दिए।
प्राथमिकता तय करेंगे जनप्रतिनिधि
सीएम योगी ने कहा कि इंटरस्टेट और फोरलेन कनेक्टिविटी के क्षेत्र में प्रदेश सरकार ने उल्लेखनीय कार्य किए हैं, जिसका फायदा गोरखपुर और बस्ती मंडल को भी मिला है। अब विधानसभा क्षेत्रवार सड़कों की प्राथमिकता जनप्रतिनिधियों की सहमति से तय की जाएगी। जिन सड़कों को सबसे पहले बनाया जाना है, उनका इस्टीमेट तैयार कर शिलान्यास कराया जाएगा। इसके बाद अन्य सड़कों पर चरणबद्ध तरीके से कार्य होगा। उन्होंने कहा कि उन सड़कों को प्राथमिकता दी जाए जो बड़ी आबादी को सीधा लाभ देती हों।
मुख्यमंत्री ने नगरीय क्षेत्रों की सड़कों को ‘सीएम ग्रिड योजना’ में शामिल कर बेहतर बनाने की बात कही। साथ ही निर्देश दिया कि निर्माण कार्य तय समय में पूरा हो और गुणवत्ता से कोई समझौता न हो। उन्होंने जनप्रतिनिधियों से कहा कि वे अपने क्षेत्रों में निर्माण कार्यों की निगरानी करें ताकि किसी तरह की लापरवाही या भ्रष्टाचार की गुंजाइश न रहे।
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के लिए विशेष योजना
बैठक के दौरान कुछ जनप्रतिनिधियों ने बाढ़ के दौरान सड़कों को हुए नुकसान का मुद्दा उठाया। इस पर मुख्यमंत्री ने लोक निर्माण विभाग को निर्देश दिए कि ऐसे क्षेत्रों के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार की जाए और जरूरत पड़ने पर आपदा राहत निधि का इस्तेमाल भी किया जाए।
धार्मिक स्थलों को प्रमुख मार्गों से जोड़ने पर जोर
पर्यटन विभाग के अधिकारियों ने धार्मिक स्थलों पर हो रहे विकास कार्यों की जानकारी दी। इस पर सीएम योगी ने कहा कि इन स्थलों को प्रमुख मार्गों से जोड़ने के लिए पीडब्ल्यूडी तत्काल कार्य शुरू करे। यदि किसी जनप्रतिनिधि की ओर से प्रस्ताव आता है, तो उसका इस्टीमेट जल्द तैयार कर कार्य शुरू कराया जाए।
मुख्यमंत्री ने जनप्रतिनिधियों से कहा कि वे अपने क्षेत्र में विकास कार्यों के प्रति लोगों को जागरूक करें और नई जन अपेक्षाओं को शासन तक पहुंचाएं। उन्होंने कहा कि सरकार की नीतियों के केंद्र में जनता की सुविधा, सुरक्षा और समृद्धि है, और इन योजनाओं की निगरानी जनप्रतिनिधियों को करनी चाहिए।
कई वरिष्ठ अधिकारी और नेता रहे मौजूद
बैठक में कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही, राज्य मंत्री विजयलक्ष्मी गौतम, गोरखपुर सांसद रवि किशन, महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव समेत दोनों मंडलों के विधायक व जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। लोक निर्माण विभाग के प्रमुख सचिव अजय चौहान, पर्यटन विभाग के प्रमुख सचिव मुकेश मेश्राम और विभागाध्यक्ष अशोक द्विवेदी सहित कई वरिष्ठ अधिकारी भी बैठक में उपस्थित रहे।





