उत्तर प्रदेश के आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे (Agra-Lucknow Expressway) पर रविवार रात एक चौंकाने वाली घटना घटी। टोल प्लाजा के कर्मचारियों ने दीपावली बोनस में कटौती होने से नाराज होकर सभी टोल गेट खोल दिए और धरने पर बैठ गए।
इस कारण हजारों वाहन बिना टोल शुल्क का भुगतान किए एक्सप्रेसवे से गुजरते रहे। कर्मचारियों की इस कार्रवाई से कंपनी को लाखों रुपये का सीधा आर्थिक नुकसान हुआ और एक्सप्रेसवे पर अचानक अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
जानें पूरा मामला
फतेहाबाद टोल प्लाजा पर कार्यरत श्री साईं एंड दातार कंपनी के कर्मचारियों को इस बार दीपावली बोनस के रूप में केवल 1100 रुपये मिले थे। कर्मचारियों का कहना था कि पिछले साल उन्हें 5000 रुपये का बोनस मिला था, इसलिए इस बार की राशि बेहद कम थी। कर्मचारी इसे अपनी मेहनत का उचित पैसा न मिलना के हिसाब से देख रहे थे।
टोल गेट खोलने से मचा हड़कंप
रविवार रात लगभग 10 बजे कर्मचारियों ने टोल गेट के बूम बैरियर खोल दिए। इससे एक्सप्रेसवे पर अफरा-तफरी मच गई और हजारों वाहन बिना टोल टैक्स के गुजरने लगे। कर्मचारियों ने स्पष्ट किया कि जब तक उनकी बोनस की मांग पूरी नहीं होती, वे काम पर वापस नहीं लौटेंगे।
आर्थिक और सामाजिक प्रभाव
इस घटना से कंपनी को लगभग 25 से 30 लाख रुपये का राजस्व नुकसान हुआ। वहीं, यात्रियों को एक फ्री पास का अनुभव मिला, जिससे वे हैरान भी हुए और खुश भी। सोशल मीडिया पर इस घटना के वीडियो वायरल हो गए, जिससे यह मामला चर्चा का विषय बन गया।
पुलिस ने किया मामला सुलझाने का प्रयास
मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और टोल प्लाजा पर हालात को नियंत्रित किया। पुलिस ने अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच बातचीत करवाई। कर्मचारियों की नाराजगी को समझा और समाधान निकालने की कोशिश की। इस बीच कंपनी ने कर्मचारियों की सैलरी में 10 प्रतिशत बढ़ोतरी की और भरोसा दिलाया कि अगले साल के दीपावली बोनस में उनकी मांगों को ध्यान में रखा जाएगा। सुलह के बाद टोल का संचालन फिर से शुरू किया गया और एक्सप्रेसवे पर यातायात सामान्य हुआ।






