Thu, Jan 1, 2026

इंदौर दूषित पेयजल मामला: कांग्रेस ने गठित की जांच समिति, जीतू पटवारी ने मुख्यमंत्री से की मृतकों के परिवार को एक करोड़ मुआवजा देने की मांग

Written by:Shruty Kushwaha
Published:
Last Updated:
कांग्रेस ने इस घटना को प्रशासनिक लापरवाही बताते हुए भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि महापौर और दोषी अधिकारियों पर गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया जाए। इसी के साथ उन्होंने कहा है कि कांग्रेस अपना दायित्व पूरी तरह निभाएगी।
इंदौर दूषित पेयजल मामला: कांग्रेस ने गठित की जांच समिति, जीतू पटवारी ने मुख्यमंत्री से की मृतकों के परिवार को एक करोड़ मुआवजा देने की मांग

Jitu Patwari

इंदौर जिले के भागीरथपुरा इलाके में दूषित पीने के पानी के कारण हुई मौत का मामले में बीजेपी सरकार पर लगातार सवाल उठ रहे हैं। कांग्रेस ने सरकार से मृतकों के परिजनों को एक करोड़ मुआवजा देने की मांग की है। जीतू पटवारी ने महापौर के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज करने और दोषी अधिकारियों पर एफआईआर करने की मांग भी की है।

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने बताया कि पार्टी ने दो पूर्व मंत्रियों के नेतृत्व में एक जांच कमेटी गठित की है। उन्होंने कहा कि कमेटी इस मामले की जांच करेगी और अपना दायित्य पूरी तरह निभाएगी। बीजेपी पर हमला करते हुए उन्होंने सवाल किया कि मुख्यमंत्री के प्रभार वाले जिले में इतनी बड़ी घटना होने के बावजूद सही कार्रवाई क्यों नहीं की जा रही है।

इंदौर घटना पर कांग्रेस ने उठाए सवाल

देश के सबसे स्वच्छ शहर के तमगे वाले इंदौर में दूषित पेयजल ने कहर बरपाया है। शहर के भागीरथपुरा इलाके में नर्मदा जल लाइन में सीवेज का रिसाव होने से पानी दूषित हो गया, जिससे उल्टी-दस्त का प्रकोप फैल गया। अनाधिकारिक रूप से अब तक तेरह लोगों के मौत की बात कही जा रही है और सैंकड़ों अब भी बीमार हैं। इस मामले पर कांग्रेस ने सरकार से महापौर के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज करने और दोषी अधिकारियों पर एफआईआर की मांग की है।

कांग्रेस ने गठित की जांच समिति

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने बीजेपी को घेरते हुए कहा है कि इंदौर ने। बीजेपी को लगातार सांसद दिए, नौ विधायक दिए, नगर निगम दिया। लेकिन इंदौर को उन्होंने पानी में मौत दी। एएनआई से बात करते हुए उन्होंने कहा है कि “सवाल ये है कि तेरह मौत हो गई और मुख्यमंत्री ये बोलते हैं कि चार मौत हुई है। क्या मुख्यमंत्री का दायित्व मौत को छुपाना है। आप इस बात को छुपाने की बजाय सही तरह से निर्णय क्यों नहीं लेना चाहते हैं। आपका मंत्री पत्रकार को सवाल करने पर गाली देता है। मुख्यमंत्री को उस मंत्री को हटाना चाहिए। उनका इस्तीफा क्यों नहीं ले रहे हैं। आप इंदौर महापौर पर गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज कीजिए। किसी को तो जवाबदाही हो। मुख्यमंत्री इंदौर के प्रभारी मंत्री हैं। आप कब जिम्मेदारी लेंगे। बीजेपी की हठधर्मिता और अहंकार के कारण ये मौत हो रही है। हमने एक कमेटी गठित की है दो पूर्व मंत्रियों के नेतृत्व में। पूरी जांच होगी..जो दोषी होगा उसके खिलाफ एक्शन लेंगे। पार्टी अपना दायित्व निभाएगी। लेकिन हम चाहते हैं कि जिनकी मौत हुई है उनके परिजनों को एक करोड़ का मुआवजा दिया जाए।” जीतू पटवारी ने मांग की है कि मुख्यमंत्री उन लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करें जिनके कारण ये घटना हुई है, साथ ही गाली देने वाले मंत्री का इस्तीफा भी लें।