कमलनाथ का MP सरकार पर आरोप ‘बेरोज़गारों को आकांक्षी युवा नाम देकर उड़ाया मज़ाक’, फर्जी आयुष भर्ती घोटाले के पीड़ितों को मुआवज़ा देने की मांग

पूर्व मुख्यमंत्री ने बीजेपी को घेरते हुए कहा कि प्रदेश में बेरोज़गारी की ये स्थिति है कि नौजवानों को जहाँ भी रोज़गार की संभावना दिखती है, वहीं आवेदन कर देते हैं और इसका फायदा ठग और दूसरे फ्रॉड उठा रहे हैं। उन्होंने मध्य प्रदेश में आयुष विभाग के नाम पर बनाई गई फर्जी वेबसाइट का हवाला देते हुए कहा कि ये प्रदेश के भ्रष्टाचार की नई ऊँचाई पर पहुँचने का सबूत है।
Madhya Pradesh Farmers

Kamal Nath

Kamal Nath Slams MP Government : पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने प्रदेश सरकार पर बेरोज़गारी को लेकर बड़ा हमला किया है। उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश में बेरोज़गार युवाओं की कोई सुनवाई नहीं हो रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी सरकार बेरोज़गारों की परेशानी को समझने की जगह उन्हें ‘आकांक्षी युवा’ का नाम देकर उनका मज़ाक उड़ा रही है। इसी के साथ उन्होंने आयुष विभाग के नाम पर बनाई गई फर्जी वेबसाइट के ज़रिए ठगे गए युवाओं द्वारा दी गई फीस की एवज़ में सरकार से मुआवज़ा देने की मांग भी की है।

कांग्रेस नेता ने कहा कि सरकार या तो नौकरियां निकालती ही नहीं है और अगर निकालती भी है तो परीक्षाएं बहुत देर से होती हैं। और जब परीक्षा हो जाती है, तो कई बार अनियमितताओं के कारण अदालत उसे रोक देती है या फिर सालों तक उसका रिजल्ट ही नहीं आता है।

कमलनाथ ने प्रदेश सरकार को घेरा

कमलनाथ ने रोज़गार के मुद्दे पर एक बार भी प्रदेश सरकार को घेरा है। उन्होंने कहा कि सरकार की लापरवाही का फायदा ठग और फ्रॉड करने वाले दूसरे लोग उठा रहे हैं। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर उन्होंने ताजा मामले का ज़िक्र करते हुए लिखा कि ‘मध्य प्रदेश में आयुष विभाग के नाम पर बकायदा वेबसाइट बनना, उस पर हज़ारों पदों के लिए नौकरी निकलना और 15 हज़ार से अधिक लोगों का उसमें आवेदन करना, मध्य प्रदेश में भ्रष्टाचार की नई ऊँचाई पर पहुँचने का साफ सबूत है।’

अभ्यर्थियों को मुआवज़ा देने की मांग 

पूर्व मुख्यमंत्री ने दैनिक भास्कर की खबर का हवाला देते हुए सवाल कियाFake recruitment website scam MP है कि जब इस तरह का साइबर फ्रॉड खुलेआम किया जा रहा था तो प्रदेश सरकार की खुफिया एजेंसियों को इसकी भनक तक क्यों नहीं लगी। उन्होंने पूछा कि पुलिस की साइबर क्राइम शाखा को इसके बारे में जानकारी क्यों नहीं हुई? उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि ये कोई गुप्त रूप से किया जा रहा काम नहीं था बल्कि खुलेआम किया जा रहा फ्रॉड था।’ कमलनाथ ने मांग की है कि तत्काल इस तरह के साइबर फ्रॉड नेटवर्क को ध्वस्त किया जाए और जिन अभ्यर्थियों से फीस के नाम पर अवैध पैसे वसूला गए हैं, प्रदेश सरकार उन्हें उचित मुआवज़ा दें।

Shruty Kushwaha
लेखक के बारे में
Shruty Kushwaha

पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J.), 2001. 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल और लाइव इंडिया मुंबई में कार्य.

2001 में माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय भोपाल से पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J, Masters of Journalism)। 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल, लाइव इंडिया मुंबई में कार्य अनुभव। साहित्य पठन-पाठन में विशेष रूचि। View all posts by Shruty Kushwaha →
Follow Us :GoogleNews