पन्ना के हीरा की कहानी जानेगी दुनिया, डायमंड पार्क के साथ व्यूप्वाइंट की भी स्थापना करने की कवायद

mp news

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट| हीरे (Diamond) का जिक्र आए और पन्ना (Panna) की चर्चा न हो ऐसा हो नहीं सकता। इसका कारण यह है कि मध्य प्रदेश (Madhyapradesh) की ऐतिहासिक नगरी पन्ना की पहचान हीरे के कारण ही है। आने वाले समय में दुनिया भी पन्ना के हीरा की कहानी को भी जान सकेगी, क्योंकि यहां पर डायमंड पार्क (Diamond Park) के साथ व्यूप्वाइंट (Viewpoint) की भी स्थापना करने की कवायद चल रही है। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल (Bhopal) से लगभग 450 किलोमीटर झांसी-रीवा मार्ग पर स्थित पन्ना। अंतर्राष्ट्रीय पर्यटन स्थल खजुराहो से महज 50 किलोमीटर दूरी है इस हीरा नगरी की। यहां हीरा मिलने पर कई मजदूरों की तकदीर बदली है। वे लखपति और करोड़पति भी बने हैं। पन्ना की धरती से आखिर हीरा कैसे निकलता है और तराशा जाता है, इसे लोग नहीं जानते। इस पूरी कहानी को दुनिया को बताने के मकसद से यह डायमंड पार्क और व्यूप्वाइंट स्थापित किए जाने के प्रयास तेज हो गए हैं।

क्षेत्रीय सांसद विष्णु दत्त शर्मा (VD Sharma) का कहना है कि जमीन से हीरा निकालने की कहानी बड़ी रोमांचकारी होती है। जो भी हीरा निकलने की प्रक्रिया को देखेता है वह रोमांचित हुए बिना नहीं रह सकता। अंतर्राष्ट्रीय पर्यटन स्थल खजुराहो के करीब है पन्ना और देसी तथा विदेशी पर्यटकों को हीरा की कहानी के जरिए लुभाया जा सकता है। वैसे भी बुंदेलखंड पुरातत्व संपदा के साथ प्राकृतिक मनोरम दृश्य पर्यटकों को लुभाते ही हैं, इसलिए इस क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा देकर रोजगार के नए अवसर विकसित किए जा सकते है।

जानकारों का मानना है कि कोरोना के कारण फिलहाल पर्यटकों की आवाजाही कम है और आने वाले दिनों में स्थितियां सुधरने पर पर्यटकों का आना शुरू हो सकता है। इस स्थिति में पर्यटकों को हीरा के संदर्भ में विस्तार से जानकारी मिल सके इसके लिए डायमंड पार्क के साथ व्यूप्वाइंट की भी स्थापना का अभियान तेज हो गया है। पन्ना के कलेक्टर संजय कुमार मिश्र का कहना है कि इसी सप्ताह कार्य प्रारंभ कराया जाएगा, जिससे डायमण्ड पार्क की स्थापना होकर लोगों को देखने का अवसर प्राप्त हो सके। पर्यटन का सीजन प्रारंभ हो गया है। बाहर से आने वाले देशी-विदेशी पर्यटकों को हीरे के संबंध में जानकारी आसानी से प्राप्त हो सके।

प्रस्तावित पार्क के अन्दर हीरे के साथ हीरा उत्खनन एवं तराशने की पूरी प्रक्रिया, हीरे का इतिहास एवं महत्व से संबंधित जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी। इसके साथ ही ऐसी फिल्म बनाई जाएगी जो हीरा की पूरी कहानी बताएगी। एक तरफ जहां पार्क बनेगा वहीं व्यूप्वाइंट भी बनेगा। संभावना इस बात की जताई जा रही है कि पर्यटकों के आने से पन्ना नगर में व्यवसाय को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर प्राप्त होंगे।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews