दिग्विजय सिंह ने निवास पर लगाया काला झंडा, ट्वीट किया -किसान एकता जिंदाबाद

दिग्विजय सिंह

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट।  मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री एवं कांग्रेस के राज्यसभा सदस्य दिग्विजय सिंह (Digvijay Singh) ने भोपाल स्थित अपने सरकारी आवास पर काला झंडा लगाया।  उन्होंने किसान आंदोलन का समर्थन करते हुए लिखा , किसान एकता जिंदाबाद, किसान विरोधी नरेंद्र मोदी।

केंद्र सरकार द्वारा बनाये गए तीन कृषि कानूनों को वापस लेने की मांग पर अड़े और दिल्ली की सीमाओं पर आंदोलन कर रहे किसानों के धरने को 6 महीने पूरे हो गए। लेकिन ना तो कृषि कानून वापस हुए और ना ही किसानों का धरना ख़त्म हुआ।  किसानों के आंदोलन को कांग्रेस पूरा समर्थन कर रही है।  हालाँकि किसानों ने अपने 6 महीने के आंदोलन में किसी भी राजनैतिक दल के नेता को अपने मंच पर नहीं आने दिया।  लेकिन कांग्रेस हमेशा किसान आंदोलन के साथ होने का दावा करती रही है।

आंदोलन के आंदोलन को  6 महीने पूरे होने पर किसानों ने कोरोना कर्फ्यू को देखते हुए आमसभाएँ निरस्त कर घर घर विरोध स्वरुप काला झंडा लगाने की अपील की थी।  कांग्रेस के नेता एवं पंजाब सरकार के पूर्व मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू ने कल मंगलवार को पटियाला स्थित अपने निजी आवास पर काला झंडा लगाया था।  आज बुधवार को मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री एवं कांग्रेस के राज्यसभा सदस्य  दिग्विजय सिंह (Digvijay Singh) ने अपने भोपाल स्थित सरकारी आवास पर काला झंडा लगाया।

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दिग्विजय सिंह (Digvijay Singh)  ने ट्वीट किया – किसान एकता मंच के 6 महीने पूरे होने पर मैंने उनके पक्ष में और भाजपा के विरोध में अपने भोपाल निवास पर काला झंडा लगाया। दिग्विजय सिंह (Digvijay Singh) ने आगे लिखा –  किसानों के धरने को आज 6 महीने हो गए हैं मैं  मोदी जी से अनुरोढ करूँगा कि वे किसानों की मांग मान लें और तीनों कानून वापस ले लें।

https://twitter.com/digvijaya_28/status/1397453976048603137

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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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