चन्द्रनाहू कुर्मी क्षत्रिय समाज के अधिवेशन में शामिल हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं

रायपुर जिले के पारागांव में चन्द्रनाहू कुर्मी क्षत्रिय समाज के दो दिवसीय वार्षिक अधिवेशन में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने समाज और स्थानीय विकास से जुड़ी बड़ी घोषणाएं कीं। उन्होंने सामुदायिक भवन के लिए 50 लाख रुपये और सीसी रोड निर्माण के लिए 20 लाख रुपये देने की बात कही। कार्यक्रम में महिला सशक्तिकरण, किसानों को सहायता, तीर्थ योजनाएं और राज्य में निवेश प्रस्तावों पर भी सरकार का अपडेट साझा किया गया।
चन्द्रनाहू कुर्मी क्षत्रिय समाज के अधिवेशन में शामिल हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं

रायपुर जिले के पारागांव में आयोजित चन्द्रनाहू कुर्मी क्षत्रिय समाज के दो दिवसीय वार्षिक अधिवेशन में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने शिक्षा, सामाजिक ढांचे और बुनियादी सुविधाओं पर जोर देते हुए कई अहम घोषणाएं कीं। कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि जब समाज अपने बच्चों की शिक्षा की जिम्मेदारी खुद उठाता है, तब नई पीढ़ी अधिक आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ती है।

मुख्यमंत्री ने मंच से घोषणा की कि समाज के लिए सामुदायिक भवन निर्माण हेतु 50 लाख रुपये दिए जाएंगे। इसके साथ ही पारागांव में सीसी रोड निर्माण के लिए 20 लाख रुपये की स्वीकृति भी दी गई।

जब समाज खुद बच्चों की शिक्षा की जिम्मेदारी लेता है, नई पीढ़ी आत्मविश्वास से आगे बढ़ती है।- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

महिला दिवस पर योजनाओं का उल्लेख

अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री ने उपस्थित माताओं-बहनों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने बताया कि महतारी वंदन योजना के दो वर्ष पूरे हो चुके हैं और इस मौके पर प्रदेश की लगभग 70 लाख महिलाओं के खातों में योजना की 25वीं किश्त की राशि अंतरित की गई है। उनके अनुसार यह योजना महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में राज्य की प्रमुख पहल है।

मुख्यमंत्री ने समाज के इतिहास और योगदान का जिक्र करते हुए कहा कि चन्द्रनाहू कुर्मी क्षत्रिय समाज ने देश और प्रदेश को कई प्रतिभाएं दी हैं। शिक्षा के क्षेत्र में समाज की पहल को रेखांकित करते हुए उन्होंने कहा कि समाज के माध्यम से 2000 से अधिक विद्यार्थियों को पढ़ाई का अवसर मिल रहा है, जो महत्वपूर्ण प्रयास है।

रोजगार, आवास और कृषि पर सरकार का फोकस

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि राज्य सरकार युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाने पर लगातार काम कर रही है। साथ ही गरीब और जरूरतमंद परिवारों को पक्के मकान उपलब्ध कराने की प्रतिबद्धता भी दोहराई।

कृषि को लेकर उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ को धान का कटोरा कहा जाता है और किसानों के हित में फैसले लगातार किए जा रहे हैं। होली से पहले कृषक उन्नति योजना के तहत 25.28 लाख किसानों के खातों में 10,324 करोड़ रुपये अंतरित किए गए।

तीर्थ योजनाएं और 2026 बजट का संदेश

धार्मिक यात्राओं से जुड़ी योजनाओं पर भी उन्होंने जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि रामलला दर्शन योजना के जरिए पिछले दो वर्षों में 42 हजार से अधिक श्रद्धालु अयोध्या जाकर भगवान श्रीराम के दर्शन कर चुके हैं। उन्होंने यह भी बताया कि मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना को फिर से शुरू किया गया है, जिससे बुजुर्गों और श्रद्धालुओं को अलग-अलग तीर्थस्थलों तक पहुंचने का अवसर मिल रहा है।

वर्ष 2026 के बजट का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इसमें राज्य के सभी वर्गों के विकास को ध्यान में रखकर प्रावधान किए गए हैं। उन्होंने समाज के युवाओं, खासकर उद्यम शुरू करने के इच्छुक बेटा-बेटियों से नई उद्योग नीति का अध्ययन करने का आग्रह किया।

मुख्यमंत्री के अनुसार छत्तीसगढ़ को करीब 8 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिल चुके हैं और इन्हें जमीन पर उतारने की दिशा में काम शुरू हो गया है। कार्यक्रम का संदेश साफ रहा-सामाजिक संगठन, शिक्षा, बुनियादी ढांचा और सरकारी योजनाओं की पहुंच को साथ लेकर विकास की रफ्तार बढ़ाने पर जोर।

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